ईरानी मीडिया मान रहा, आसिम मुनीर की भेंट की हुई घड़ी बनी जनरल बघेरी की मौत की वजह

तेहरान/इस्लामाबाद। ईरानी मीडिया ही नहीं, वहां की अवाम भी अब यह मानने लगी है कि पाकिस्तानी फील्ड मार्शल आसिम मुनीर की गद्दारी की वजह से ईरान के आर्मी चीफ जनरल मोहम्मद हुसैन बघेरी की मौत हुई है। जनरल मुनीर ने जनरल बघेरी को ईरान के दौरे के समय एक घड़ी भेंट की थी। दावा किया जा रहा है कि इस घड़ी में जीपीएस ट्रैकिंग बीकन लगा हुआ था। ईरानी सेना के वरिष्ठ सूत्रों के हवाले से दावा किया गया है कि यही घड़ी बघेरी की सटीक लोकेशन इजरायल तक पहुंचाने का जरिया बनी और 13 जून 2025 को हुए हमले में उनकी मौत का कारण भी।

Jun 24, 2025 - 11:55
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ईरानी मीडिया मान रहा, आसिम मुनीर की भेंट की हुई घड़ी बनी जनरल बघेरी की मौत की वजह

इजरायली हमले में मारे गए बघेरी, सवाल: कैसे मिली सटीक जानकारी?

13 जून को हुए एक सर्जिकल स्ट्राइक जैसे इजरायली हमले में ईरान के कई सीनियर मिलिट्री अधिकारियों की मौत हुई, जिनमें सबसे बड़ा नाम था वहां के आर्मी चीफ जनरल मोहम्मद बघेरी का। शुरुआत में यह सिर्फ एक हाई-प्रोफाइल हमला माना गया, लेकिन जल्द ही यह सवाल उठने लगे कि इजरायल को आखिर बघेरी की ठीक-ठीक लोकेशन कैसे मिली?

ईरानी मीडिया का आरोप- पाकिस्तान ने की गद्दारी

ईरान की मीडिया अब जनरल बघेरी की मौत के लिए सीधे तौर पर पाकिस्तान और जनरल आसिम मुनीर को जिम्मेदार ठहरा रही है। ईरानी मीडिया में चल रही बहस के अनुसार, मई 2025 में आसिम मुनीर जब तेहरान के दौरे पर आए थे, तब उन्होंने जनरल बघेरी को एक घड़ी गिफ्ट की थी। यह कोई साधारण तोहफा नहीं था। उसमें छिपा था एक जीपीएस-सक्षम बीकन, जो बघेरी की हर गतिविधि, मीटिंग और मूवमेंट को रिकॉर्ड कर रहा था।

जनरल मुनीर द्वारा यह घड़ी भेंट किए जाने के 19 दिन बाद ही जनरल बघेरी की हत्या हो गई। ईरानी विशेषज्ञों का दावा है कि यही डिवाइस इजरायल और अमेरिका तक खुफिया डेटा पहुंचा रहा था।

डबल गेम का आरोप: ट्रंप के साथ लंच और पीठ में छुरा

घड़ी कांड के खुलासे से पहले ही जनरल मुनीर पर संदेह की निगाहें उठनी शुरू हो चुकी थीं, जब उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप के साथ व्हाइट हाउस में गोपनीय लंच बैठक की थी। इस मुलाकात को लेकर पहले ही पाकिस्तान पर डबल गेम खेलने के आरोप लगने लगे थे। अब ईरानी मीडिया का दावा इन आरोपों को और बल दे रहा है कि पाकिस्तान ने एक तरफ मुस्लिम एकता का ढोंग किया और दूसरी ओर ईरान से गद्दारी की है।

ईरानी मीडिया इसे छल और विश्वासघात की मिसाल बता रहा

जनरल बघेरी की मौत के बाद ईरान में जनता और सेना दोनों में भारी आक्रोश है। कई ईरानी अखबारों ने इसे छल और विश्वासघात की मिसाल बताया है। जनता सोशल मीडिया पर पाकिस्तान के खिलाफ जमकर भड़ास निकाल रही है, वहीं पाकिस्तानी नेतृत्व अब तक चुप्पी साधे बैठा है, जिससे संदेह और गहराता जा रहा है।

दोगली नीति को लेकर पाकिस्तान में भी विरोध

पाकिस्तान के भीतर भी आर्मी चीफ आसिम मुनीर को लेकर विरोध के स्वर तेज हो गए हैं। सोशल मीडिया पर ‘#TraitorMunir’ और ‘#JusticeForBagheri’ जैसे ट्रेंड चल रहे हैं। विगत दिवस तो कराची समेत कई शहरों में हजारों की संख्या में लोग सड़कों पर उतर आए और आसिम मुनीर को गद्दार बताते हुए विरोध प्रदर्शन किया। विश्लेषकों का कहना है कि मुनीर का दो नावों की सवारी करना अब खुद पाकिस्तान पर भारी पड़ सकता है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उसकी साख और रणनीतिक विश्वसनीयता को गहरा नुकसान हो चुका है।

SP_Singh AURGURU Editor