अकबरा में महाराणा प्रताप का बोर्ड उखाड़ने पर क्षत्रिय समाज ने की सड़क जाम, पुलिस का पुतला फूंका
आगरा। आगरा पुलिस कमिश्नरेट की सिकंदरा थाना पुलिस पर आरोप है कि उसने अकबरा गांव के बाहर लगे महाराणा प्रताप के बोर्ड उखाड़ दिए हैं। इससे गुस्साए क्षत्रिय समाज के लोगों ने बड़ी संख्या में एकत्रित होकर सड़क पर जाम लगा दिया। पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए पुतला दहन भी किया। उनकी मांग है की इंस्पेक्टर नीरज शर्मा सहित दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई होनी चाहिए।
बताया जा रहा है कि अकबरा गांव के बाहर महाराणा प्रताप का बोर्ड लगा हुआ था। इसके साथ ही कुछ बोर्ड और लगे हुए थे। आज सुबह जब लोग उठे तो ये सभी बोर्ड उखड़े हुए मिले। किसी ग्रामीण ने बताया कि पुलिस द्वारा यह बोर्ड उखाड़े गए हैं। इसके बाद लोग एकत्रित होना शुरू हो गए। लोगों ने एकत्रित होकर सड़क पर उतरकर हंगामा किया। इस वजह से लंबा जाम लग गया। ग्रामीणों द्वारा पुलिस और आगरा पुलिस के अधिकारियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई। उन्हें क्षत्रिय समाज का विरोधी बताया।
आक्रोशित लोगों ने कहा कि आगरा के अधिकारी जो कुछ भी कर रहे हैं, उसका खामियाजा आने वाले चुनाव में भाजपा को भुगतना पड़ेगा। आगरा में बैठे अधिकारी सपा के एजेंट के रूप में काम कर रहे हैं। ग्रामीणों ने पुलिस का पुतला भी फूंका। सिकंदरा के इंसपेक्टर नीरज शर्मा के निलंबन की मांग भी उठी।
इधर रुनकता चौकी का प्रभार उन्हीं नीलेश शर्मा पर है जो एकता चौकी पर प्रभारी रह चुके हैं। कुछ समय पहले शमसाबाद रोड पर महाराणा प्रताप जयंती कार्यक्रम के दौरान क्षत्रिय समाज तमाम लोगों को इन्हीं नीलेश शर्मा ने एकता चौकी पर लाकर बुरी तरह पीटा था। उस समय पुलिस अधिकारियों ने कार्रवाई का आश्वासन दिया था। कार्रवाई के नाम पर नीलेश शर्मा को छुट्टी पर भेज दिया गया। कुछ दिन बाद उन्हें रुनकता चौकी पर पोस्टिंग मिल गई। आज के प्रदर्शन में नीलेश शर्मा को लेकर भी लोगों में भारी आक्रोश दिखा।