विधिक सेवा के संकल्प के साथ आगरा कॉलेज में ग्रीष्मकालीन इंटर्नशिप का शुभारंभ
आगरा। उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के निर्देशन में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, आगरा एवं लीगल एड क्लीनिक, विधि संकाय, आगरा कॉलेज के संयुक्त तत्वावधान में ग्रीष्मकालीन विधि इंटर्नशिप कार्यक्रम का शुभारंभ सोमवार को आगरा कॉलेज के सेमिनार हॉल में हुआ।
इस विधिक महायात्रा का आरंभ दीप प्रज्वलन एवं माँ सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण से हुआ। इस इंटर्नशिप कार्यक्रम से विधि छात्रों को न्याय, सेवा और समाज से जोड़ने की दिशा में एक सार्थक अवसर मिलेगा।
उद्घाटन सत्र में गरिमामयी उपस्थिति
कार्यक्रम का उद्घाटन एडीजे प्रथम राजेन्द्र प्रसाद, डॉ. दिव्यानंद द्विवेदी (अपर जिला जज/सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण), डॉ. अरुण दीक्षित (विधि सलाहकार, डॉ. बी.आर. अंबेडकर विश्वविद्यालय), प्राचार्य प्रो. सी.के. गौतम, संकायाध्यक्ष प्रो. मोअज्जम खान, विभागाध्यक्ष प्रो. डी.सी. मिश्रा, प्रो. रीता निगम, डॉ. मदन मोहन शर्मा (अध्यक्ष, बांके बिहारी एजुकेशनल सोसाइटी) और शिक्षाविद् नकुल सारस्वत ने दीप प्रज्ज्वलन व मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण कर किया।
इंटर्नशिप: विधिक शिक्षा और सामाजिक जिम्मेदारी का संगम
डॉ. दिव्यानंद द्विवेदी ने छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा, विधिक शिक्षा तब सार्थक होती है जब छात्र न्यायिक प्रणाली की जमीनी हकीकत से जुड़ें और समाज के वंचित वर्ग के लिए कार्य करें। उन्होंने इंटर्नशिप को विधिक कौशल, मानवाधिकार जागरूकता और सामाजिक दायित्व के रूप में परिभाषित किया।
विशेष सत्र और विशेषज्ञ मार्गदर्शन
कार्यक्रम में श्रम कानून, पारिवारिक कानून, किशोर न्याय अधिनियम जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विशेषज्ञ प्रशिक्षण प्रदान करेंगे। अतिथि वक्ताओं में डॉ. निमेश (मानसिक आरोग्यशाला, आगरा) एवं श्री नागेश सिंह (जेलर, जिला कारागार) ने भी विचार साझा किए।
समारोह में इनका रहा योगदान
कार्यक्रम का संचालन प्रो. रीता निगम ने किया, स्वागत भाषण प्रो. सी.के. गौतम ने दिया तथा आभार ज्ञापन प्रो. मोअज्जम खान द्वारा किया गया। विशेष रूप से प्रो. उमेश कुमार, प्रो. संजीव शर्मा, प्रो. मनीष तिवारी, डॉ. रिजु निगम, वीरेंद्र सिंह कुशवाहा (एडवोकेट), ललित त्रिवेदी, आशीष शर्मा, महेंद्र सिंह फौजदार और छात्रवृत्ति पर चयनित विधि विद्यार्थी भी मौजूद रहे।