महाराजा सूरजमल, रामकी चाहर और राजाराम जाट आगरा के लिए गौरव हैं, भुलाइए मत!

जाट वीरों की प्रतिमाएं आगरा में स्थापित कराने के लिए जाट महासभा एक बार फिर अभियान शुरू करने जा रही है।

Aug 27, 2024 - 19:55
Aug 27, 2024 - 20:27
 0
महाराजा सूरजमल, रामकी चाहर और राजाराम जाट आगरा के लिए गौरव हैं, भुलाइए मत!


आगरा। अखिल भारतीय जाट महासभा ने आगरा में उन जाट योद्धाओं की प्रतिमाएं न लगने पर अफसोस जताया है, जिन्होंने आगरा में मुगलिया सल्तनत को ब्रज क्षेत्र में उखाड़ फेंका था। ऐसे जाट वीरों की प्रतिमाएं आगरा में स्थापित कराने के लिए जाट महासभा एक बार फिर अभियान शुरू करने जा रही है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से भी मुलाकात करने का कार्यक्रम है। 
जिला जाट महासभा के अध्यक्ष कप्तान सिंह चाहर का कहना है कि 12 जून 1761 को उस समय के भरतपुर के जाट महाराजा सूरजमल ने आगरा किले से मुगलों को खदेड़कर सालों तक आगरा  पर राज किया था। जाट योद्धाओं ने 27 फरवरी 1688 को सिकंदरा पर भी कब्जा कर लिया था।

वीर गोकुला जाट और उनके चाचा उदय सिंह ने क्रूर मुगल शासक औरंगजेब को चुनौती देकर किसानों से लगान वसूली के खिलाफ विद्रोह कराया था। दिसंबर 1669 में गढ़ी तिलपत में इन योद्धाओं ने तीन दिन तक औरंगजेब की सेना से युद्ध किया। मुगल सेना चाचा-भतीजे को बंदी बनाकर आगरा ले आई थी। कोतवाली पर वीर गोकुला के एक-एक अंग को काटकर मारा गया था।

राष्ट्रीय उपाध्यक्ष कुंवर शैलराज सिंह एडवोकेट, डॉ सुरेंद्र सिंह, जयप्रकाश चाहर, वीरेंद्र सिंह छोंकर आदि ने कहा है कि मुगलों को चुनौती देने वाले इन योद्धाओं की प्रतिमाएं आगरा में न होना गर्व की बात तो कतई नहीं हो सकती। 


तत्कालीन मेयर नवीन जैन ने वीर गोकुल सिंह की प्रतिमा आगरा किले के सामने लगवाकर वायदा पूरा किया। महाराजा सूरजमल के साथ-साथ 27 फरवरी 1688 को सिकंदरा पर कब्जा कर आग लगाने, अकबर की समाधि से अस्थियों को निकालकर जलाने और यमुना में प्रवाहित करने का काम करने वाले महायोद्धा रामकी चाहर और राजाराम जाट की प्रतिमाओं का आगरा में ना होना इन योद्धाओं की उपेक्षा ही नहीं. अपमान भी है ।
जिलाध्यक्ष कप्तान सिंह चाहर नरेश इंदौलिया, अजित सिंह चाहर प्रधान, जयप्रकाश चाहर, चौ नवल सिंह, गुलबीर सिंह, मेघराज सोलंकी, देवेंद्र चौधरी  शिशुपाल चौधरी, सुरेंद्र चौधरी ने बताया कि महाराजा सूरजमल की प्रतिमा के लिए वर्तमान मेयर से अनुरोध किया गया है. लेकिन अभी तक अमल नहीं हुआ है। जाट महासभा का प्रतिनिधिमंडल जल्द मेयर के अलावा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से भेंट करेगा।

SP_Singh AURGURU Editor