शंखनाद के साथ ‘मीट एट आगरा’ का भव्य आगाजः नंदी बोले- यह फुटवियर सेक्टर का पावर बूस्टर
आगरा। उद्योग जगत के सपनों को नई उड़ान देने वाले सत्रहवें ‘मीट एट आगरा’ फुटवियर मेला का शुभारंभ शुक्रवार को शंखध्वनि और घंटानाद के साथ हुआ। प्रदेश के औद्योगिक विकास मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘नंदी’ ने इसे उद्योगों के लिए ‘पावर बूस्टर’ बताते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार निवेशकों को सशक्त समर्थन देने के लिए एकल खिड़की प्रणाली लागू करने जा रही है। तीन दिवसीय इस आयोजन में नीति, नवाचार और निर्यात पर मंथन के साथ ही फुटवियर उद्योग की नई दिशा तय करने का संकल्प लिया गया। इस अवसर पर सीएलई के चेयरमैन राजेंद्र कुमार जालान और प्रदेश लघु उद्योग निगम के चेयरमैन राकेश गर्ग विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
एकल खिड़की अधिनियम के लिए गंभीरता से काम कर रहे


मीट एट आगरा का पारंपरिक रूप से घंटा बजाकर उद्घाटन करने के बाद प्रदेश सरकार के औद्योगिक विकास, निर्यात प्रोत्साहन, एनआरआई एवं निवेश प्रोत्साहन मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘नंदी’ ने कहा कि ‘एकल खिड़की अधिनियम’ से निवेशकों की सभी समस्याओं का एक ही मंच पर निवारण किया जाएगा। इस व्यवस्था के लिए सॉफ्टवेयर भी विकसित किया जा रहा है और शीघ्र ही इसके परिणाम सामने आएंगे।
मंत्री नंदी ने कहा कि सभी अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि कोई भी निवेशक जब तक उद्योग स्थापित न कर ले, तब तक उसे पूरा सहयोग प्रदान किया जाए। टीटीजेड क्षेत्र के उद्योगों के लिए भी सरकार प्रभावी पैरवी करेगी।
उन्होंने कहा कि सप्लाई चेन के ईको सिस्टम में कमी को लेकर उद्यमी अपने सुझाव दें, ताकि उसे सुधार जा सके। केंद्र सरकार के साथ उद्योग सुधार के लिए निरंतर संवाद जारी है और प्रदेश सरकार भी इस दिशा में ठोस कदम उठा रही है।
नंदी ने कहा कि पिछली सरकारों ने औद्योगिक विकास पर ध्यान नहीं दिया, लेकिन वर्ष 2017 के बाद से उत्तर प्रदेश में औद्योगिक विकास की नई इबारत लिखी जा रही है। अब तक राज्य सरकार द्वारा लगभग चार हजार करोड़ रुपये की इंसेंटिव राशि वितरित की जा चुकी है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में सात नए एक्सप्रेसवे निर्माणाधीन हैं और शीघ्र ही देश के कुल 50 एक्सप्रेसवे में से सर्वाधिक एक्सप्रेसवे यूपी में होंगे। जेवर एयरपोर्ट के शीघ्र उद्घाटन की तैयारी है, जिसके लिए प्रधानमंत्री से समय मांगा गया है।
टीटीजेड के उद्योगों की पैरवी लचर, प्रतिबंध हटाए जाएं- पूरन डावर
केंद्रीय फुटवियर एवं चमड़ा विकास परिषद के चेयरमैन और एफमेक के पूर्व अध्यक्ष पूरन डावर ने कहा कि फुटवियर उद्योग सर्वाधिक रोजगार उपलब्ध कराने वाला क्षेत्र है। उन्होंने कहा कि एफमेक ने सामूहिक प्रयासों से इस उद्योग को नई दिशा दी है और पारंपरिक क्लस्टर को सशक्त किया है। डावर ने कहा कि प्रदेश में अब भी 13 एनओसी लेनी पड़ती हैं और ये पूरी तरह ऑनलाइन नहीं हैं। इन्हें एकल खिड़की प्रणाली से ऑनलाइन किया जाना चाहिए। कृषि भूमि क्रय की प्रक्रिया को भी सरल बनाया जाए।
उन्होंने कहा कि ताज ट्रिपेजियम जोन (टीटीजेड) में लगाए गए प्रतिबंधों को हटाया जाना चाहिए, क्योंकि सरकार की पैरवी इस मामले में कमजोर है। उन्होंने मांग की कि आगरा ट्रेड सेंटर में टेस्टिंग लैब और डिजाइनिंग सुविधाओं को अपग्रेड करने के लिए सरकार को पहल करनी चाहिए।
निर्यात में वृद्धि पर मंथन की जरूरत : राजेंद्र जालान
चर्म निर्यात परिषद के अध्यक्ष राजेंद्र कुमार जालान ने कहा कि सप्लाई चेन के ईको सिस्टम की कमजोरी के कारण फुटवियर उद्योग पीछे है। हालांकि ‘मीट एट आगरा’ ने इस दिशा में सकारात्मक भूमिका निभाई है, जिससे आगरा, नोएडा और कानपुर को विशेष लाभ मिला है।
उन्होंने बताया कि विश्व में बिकने वाली वस्तुओं में फुटवियर की हिस्सेदारी 67 प्रतिशत है, जबकि भारत से निर्यात होने वाली वस्तुओं में जूता सातवें स्थान पर है। आगरा का कुल निर्यात करीब 3,800 करोड़ रुपये है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 2.54 करोड़ जोड़ी पर स्थिर है। उन्होंने सुझाव दिया कि विदेशी प्रशिक्षकों के माध्यम से स्किल डेवलपमेंट को और मजबूत किया जाए।
यूपी की फुटवियर नीति तमिलनाडु से बेहतर
जालान ने जानकारी दी कि हाल ही में प्रदेश में लागू की गई फुटवियर नीति तमिलनाडु से बेहतर मानी जा रही है। इस नीति में भूमि के लिए अनुदान और पूंजी निवेश पर पांच वर्ष में रिटर्न की व्यवस्था है। साथ ही, फुटवियर उद्योग को पर्यावरण की ‘व्हाइट कैटेगरी’ में शामिल किया गया है, जिससे अब इसके लिए किसी एनओसी की आवश्यकता नहीं होगी।
कार्यक्रम के प्रारंभ में एफमेक अध्यक्ष गोपाल गुप्ता ने मुख्य अतिथि और अन्य अतिथियों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि ‘मीट एट आगरा’ फुटवियर उद्योग को नई दिशा प्रदान करेगा। एफमेक अध्यक्ष गोपाल गुप्ता ने मंत्री नंदी को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया, जबकि पूर्व अध्यक्ष पूरन डावर ने पौधा भेंट किया और कैप्टन ए.एस. राणा ने स्मृति चिन्ह प्रदान किया।
एफमेक उपाध्यक्ष राजेश सहगल, राजीव वासन, महसचिव प्रदीप वासन, संस्थापक अध्यक्ष दलजीत सिंह एवं महासचिव इफ्कोमा दीपक मनचंदा सहित मंचासीन रहे । अंत में उपाध्यक्ष राजीव वासन ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का संचालन डॉ. तरुण शर्मा ने किया।
पहले दिन आए सवा पांच हजार विजिटर्स, उत्साहजनक रही शुरुआत
‘मीट एट आगरा’ के पहले दिन प्रदर्शनी को लेकर उद्योग जगत और आम दर्शकों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। आयोजन समिति द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार कुल विजिटर्स: 5,254 रहे, जिनमें से ट्रेड विजिटर्स (व्यावसायिक आगंतुक): 2,871 और भविष्य के उद्यमी (स्टूडेंट्स/नवोदित): 840 थे।
आयोजकों के अनुसार पहले ही दिन बड़ी संख्या में आगंतुकों की उपस्थिति इस बात का संकेत है कि फुटवेयर उद्योग के प्रति लोगों की रुचि लगातार बढ़ रही है। प्रदर्शनी में आए व्यापारी, खरीदार और नए उद्यमियों ने विभिन्न स्टॉल्स पर प्रदर्शित नवीनतम डिज़ाइन, तकनीक और मशीनरी में गहरी रुचि दिखाई।
उत्कृष्ट निर्यात इकाइयों का किया गया सम्मान
मीट एट आगरा के समापन अवसर पर विभिन्न श्रेणियों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली औद्योगिक इकाइयों और उद्यमियों को सम्मानित किया गया।
निर्यात उत्कृष्टताः निर्यात में उच्च टर्नओवर के आधार पर तीन इकाइयों को एक्सपोर्ट एक्सीलेंस अवार्ड प्रदान किए गए। यह सम्मान गुप्ता ओवरसीज के चेतन गुप्ता, लाइनर शूज के गौतम मेहरा, और मेट्रो एंड मेट्रो के अजीत कलसी को प्रदान किया गया।
इसके अलावा उत्कृष्टता के लिए विशेष सम्मान सम्मान भी दिये गये। वे हैं-
लाइफ टाइम अचीवमेंट अवार्ड – जस एक्सपोर्ट के जसविंदर सिंह खेड़ा।
बेस्ट वूमेन एंटरप्रेन्योर अवार्ड (फुटवियर सेक्टर) – माला खेड़ा।
कंपोनेंट सेक्टर बेस्ट वूमेन एंटरप्रेन्योर अवार्ड – रेणुका डंग।
कंपोनेंट सेक्टर एक्सीलेंस अवार्ड – गौतम मनचंदा।