एसएन आगरा में चमत्कारिक सर्जरी, पोस्ट-बर्न कॉन्ट्रैक्चर से जूझ रही महिला को मिला नया जीवन

एसएन मेडिकल कॉलेज, आगरा में प्लास्टिक सर्जरी विभाग ने पोस्ट-बर्न कॉन्ट्रैक्चर से पीड़ित 45 वर्षीय महिला की जटिल पुनर्निर्माण सर्जरी सफलतापूर्वक की। डॉ. पुनीत भारद्वाज के नेतृत्व में हुई इस सर्जरी में कॉन्ट्रैक्चर रिलीज और स्किन ग्राफ्टिंग की गई। एनेस्थीसिया टीम के कुशल प्रबंधन से सर्जरी सुरक्षित रही। निःशुल्क इलाज से मरीज को नया जीवन मिला, वहीं प्रशासन ने टीम की सराहना की।

Jan 17, 2026 - 17:29
 0
एसएन आगरा में चमत्कारिक सर्जरी, पोस्ट-बर्न कॉन्ट्रैक्चर से जूझ रही महिला को मिला नया जीवन
डॉ. पुनीत भारद्वाज।

प्लास्टिक सर्जरी और एनेस्थीसिया टीम के उत्कृष्ट समन्वय से संभव हुई जटिल पुनर्निर्माण सर्जरी

आगरा। एसएन मेडिकल कॉलेज, आगरा के प्लास्टिक सर्जरी विभाग ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि सरकारी चिकित्सा संस्थान भी अत्याधुनिक तकनीक, अनुभवी डॉक्टरों और मजबूत टीमवर्क के दम पर असाधारण चिकित्सा उपलब्ध करा सकते हैं। विभाग ने जलने के बाद हुए गंभीर पोस्ट-बर्न कॉन्ट्रैक्चर से पीड़ित 45 वर्षीय महिला का सफल ऑपरेशन कर उसे शारीरिक ही नहीं, बल्कि मानसिक और सामाजिक रूप से भी नया जीवन दिया है।

मरीज लंबे समय से इस विकृत स्थिति से जूझ रही थी। जलने की घटना के बाद गर्दन और चेहरे की त्वचा अत्यधिक सिकुड़ चुकी थी, जिससे वह न तो ठीक से खाना-पीना कर पा रही थी और न ही गर्दन सीधी रख पा रही थी। मुंह से अनियंत्रित रूप से लार गिरना, सामान्य बोलचाल में परेशानी और लगातार दर्द ने उसका दैनिक जीवन लगभग ठप कर दिया था। इस शारीरिक विकृति का सबसे गहरा असर उसके आत्मविश्वास और सामाजिक जीवन पर पड़ा।

अनुभवी नेतृत्व में हुई जटिल सर्जरी

इस अत्यंत जटिल और तकनीकी रूप से चुनौतीपूर्ण ऑपरेशन को प्लास्टिक सर्जन डॉ. पुनीत भारद्वाज (MCh) के नेतृत्व में सफलतापूर्वक अंजाम दिया गया। उनकी टीम में डॉ. ऋषभ, डॉ. वीनेश और डॉ. सुलभ शामिल रहे।

सर्जरी के दौरान पहले कॉन्ट्रैक्चर रिलीज की गई, जिससे जकड़ी हुई त्वचा को मुक्त किया गया। इसके बाद पीटीएसजी (Partial Thickness Skin Graft) तकनीक के माध्यम से गर्दन और निचले चेहरे का पुनर्निर्माण किया गया। यह सर्जरी कार्यात्मक और सौंदर्य, दोनों दृष्टि से बेहद अहम रही, क्योंकि इससे मरीज की शारीरिक क्षमता के साथ-साथ उसका आत्मविश्वास भी लौट सका।

एनेस्थीसिया टीम की अहम भूमिका

इस केस में सबसे बड़ी चुनौती एयरवे मैनेजमेंट और दर्द-रहित सर्जरी थी, जिसे एनेस्थीसिया टीम ने अत्यंत कुशलता से संभाला। एनेस्थीसिया टीम में डॉ. राजीव पुरी (एसोसिएट प्रोफेसर), डॉ. कौस्तुभ सिंह (असिस्टेंट प्रोफेसर), डॉ. नीतू पाल (SR), डॉ. सृष्टि (SR), डॉ. सर्वेश, डॉ. रजत, डॉ. कीर्ति शामिल रहे। टीम के समन्वय और विशेषज्ञता से पूरी सर्जरी सुरक्षित, सुचारु और दर्द-रहित रही।

निःशुल्क इलाज बना वरदान

मरीज इससे पहले कई निजी अस्पतालों में इलाज के लिए भटक चुकी थी, लेकिन आर्थिक तंगी के कारण वह महंगे इलाज का खर्च वहन नहीं कर पा रही थी। ऐसे में एसएन मेडिकल कॉलेज, आगरा में निःशुल्क और उच्चस्तरीय उपचार मिलना उसके लिए किसी वरदान से कम नहीं रहा।

प्रशासन ने की टीम की सराहना

कॉलेज के प्रधानाचार्य एवं डीन प्रो. डॉ. प्रशांत गुप्ता तथा सर्जरी विभागाध्यक्ष प्रो. डॉ. राजेश गुप्ता ने पूरी प्लास्टिक सर्जरी और एनेस्थीसिया टीम को इस उत्कृष्ट उपलब्धि के लिए बधाई दी।

प्राचार्य प्रो. डॉ. प्रशांत गुप्ता ने कहा कि इस प्रकार की जटिल सर्जरी संस्थान की क्षमता, समर्पण और सामाजिक जिम्मेदारी को दर्शाती है। इससे आगरा सहित आसपास के जिलों के मरीजों को बड़े शहरों में जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।