आगरा मंडल में दुर्घटनाओं की बढ़ती संख्या, अब ब्लैक स्पॉट चिन्हित कर होगी सख्त कार्यवाही
आगरा। मंडलायुक्त शैलेन्द्र कुमार सिंह की अध्यक्षता में मंगलवार को मंडलीय सड़क सुरक्षा समिति की बैठक हुई। इसमें यातायात उल्लंघन, ओवरलोड वाहन, ब्लैक स्पॉट, स्कूल बसों और दुर्घटना प्रबंधन की समीक्षा की गई।
आगरा। मंडलायुक्त शैलेन्द्र कुमार सिंह की अध्यक्षता में मंगलवार को मंडलीय सड़क सुरक्षा समिति की बैठक हुई। इसमें यातायात उल्लंघन, ओवरलोड वाहन, ब्लैक स्पॉट, स्कूल बसों और दुर्घटना प्रबंधन की समीक्षा की गई।
यातायात उल्लंघन और प्रवर्तन
पुलिस व परिवहन विभाग ने हेलमेट, सीटबेल्ट, मोबाइल उपयोग, गलत दिशा, नशे में वाहन, ओवर स्पीडिंग और स्टंटिंग पर की गई कार्यवाही का विवरण प्रस्तुत किया। तुलना में फिरोजाबाद में सबसे कम चालान पाए गए। आयुक्त ने चालान की संख्या बढ़ाने और प्रवर्तन सख्त करने के निर्देश दिए।
ओवरलोड और टोल प्लाजा
अप्रैल से अगस्त तक मंडल में ओवरलोड वाहनों से 8.60 करोड़ रुपये का प्रमोशन शुल्क वसूला गया। यमुना एक्सप्रेसवे पर लगी विम मशीनें खराब होने से सही डेटा नहीं मिल रहा। आयुक्त ने यूपीडा को मशीनें व कैमरे तत्काल दुरुस्त करने के निर्देश दिए।
लाइसेंस निलंबन और आईटीएमएस
दो माह में 359 लाइसेंस निलंबित हुए (आगरा 76, फिरोजाबाद 50, मैनपुरी 32, मथुरा 201)। अन्य 424 मामलों पर कार्रवाई लंबित है। आगरा, मथुरा और फिरोजाबाद में आईटीएमएस से अधिक चालान जारी करने को कहा गया।
स्कूल बसों पर सख्ती
पिछले पांच माह में आगरा यातायात पुलिस ने 331 स्कूल बसों पर कार्रवाई की। फिटनेस न होने पर नोटिस और चालान के बावजूद बसें चल रही हैं। इस पर आयुक्त ने स्कूल की मान्यता रद्द करने तक की कार्रवाई के निर्देश दिए।
एम्बुलेंस और क्रेन व्यवस्था
एम्बुलेंस रिस्पॉन्स टाइम पर संतोष जताया गया, लेकिन दुर्घटनास्थल पर क्रेन देर से पहुंचने की शिकायत आई। क्रेन वाहनों की संख्या बढ़ाने, उनकी लाइव लोकेशन पुलिस को उपलब्ध कराने और नजदीकी अस्पतालों की सूची साझा करने के निर्देश दिए गए।
हिट एंड रन और मुआवजा
हिट एंड रन मामलों में पीड़ितों को मुआवजा दिलाने हेतु इंश्योरेंस कंपनियों, पुलिस, परिवहन और स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त बैठक कराने और अस्पतालों व पोस्टमार्टम हाउस पर सूचनात्मक बैनर लगाने के निर्देश दिए गए।
सड़क दुर्घटनाएं और ब्लैक स्पॉट
आगरा व मथुरा में दुर्घटनाओं में वृद्धि दर्ज हुई। आगरा के फतेहाबाद, मलपुरा, खंदौली और मथुरा के जैत, छाता, हाईवे मथुरा सबसे खतरनाक स्पॉट बताए गए। पीडब्ल्यूडी को रोहता नहर-ग्वालियर रोड की मरम्मत, गड्ढा-मुक्त सड़कों, डिवाइडर और आवारा पशुओं को गौशालाओं में भेजने के निर्देश मिले।
बैठक में मंडलायुक्त ने आईरैड ऐप पर दुर्घटना डेटा तुरंत अपडेट करने, सभी विभाग मिलकर ब्लैक स्पॉट की सूची शासन को भेजने, एमजी रोड पर मैट्रो कार्य से जाम की समस्या का समाधान निकालने और गलत चालान सुधारने की व्यवस्था बनाने के निर्देश दिए।
मौजूद अधिकारी
बैठक में जिलाधिकारी अरविंद मलप्पा बंगारी, डीसीपी ट्रैफिक अभिषेक कुमार अग्रवाल, एडीएम प्रोटोकॉल प्रशांत तिवारी, आरटीओ अरुण कुमार, पीडब्ल्यूडी मुख्य अभियंता एन.के. यादव, अपर नगर आयुक्त शिशिर कुमार और अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।