आरएसएस के पश्चिमी उप्र क्षेत्र संपर्क प्रमुख आनंद कुमार का निधन, संघ परिवार में शोक, कल आगरा में होगा अंतिम संस्कार
आगरा। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के वरिष्ठ प्रचारक एवं पश्चिमी उत्तर प्रदेश क्षेत्र के संपर्क प्रमुख आनंद कुमार का सोमवार को सहारनपुर में आकस्मिक निधन हो गया। उनके निधन का समाचार मिलते ही संघ विचार परिवार में गहरा शोक व्याप्त हो गया। संघ कार्यकर्ताओं और स्वयंसेवकों ने उन्हें एक समर्पित, कर्मठ और अनुशासित संगठनकर्ता के रूप में याद किया। आनंद कुमार मूल रूप से आगरा के निवासी थे।
आनंद कुमार इन दिनों सहारनपुर में संघ के प्राथमिक वर्ग के प्रवास पर थे। सोमवार दोपहर लगभग 12 बजे हृदयगति रुकने के कारण उनका निधन हो गया। उनके साथियों द्वारा तत्काल चिकित्सा सहायता का प्रयास किया गया, लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका।
प्रांत सह प्रचार प्रमुख मनमोहन निरंकारी ने बताया कि आनंद जी का पारिवारिक निवास आगरा की विजय नगर कॉलोनी में है। उनकी प्रारंभिक एवं उच्च शिक्षा आगरा में ही सम्पन्न हुई थी। यहीं से उनका संपर्क राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से हुआ और वे संघ विचारधारा से आजीवन जुड़े रहे।
आनंद कुमार ने वर्ष 1982 में सीए की परीक्षा उत्तीर्ण की। इसके बाद उन्होंने सांसारिक प्रगति के स्थान पर राष्ट्रसेवा को प्राथमिकता देते हुए 1984 में संघ प्रचारक के रूप में पूर्णकालिक दायित्व स्वीकार किया। प्रारंभ में उन्होंने तहसील प्रचारक के रूप में कार्य किया, तत्पश्चात मेरठ में विभाग प्रचारक की जिम्मेदारी निभाई।
संघ संगठन में उनकी कार्यक्षमता और समर्पण को देखते हुए उन्हें कानपुर प्रांत का प्रांत प्रचारक बनाया गया, जहां उन्होंने संगठनात्मक कार्य को नई गति प्रदान की। कुछ समय तक वे सेवा भारती में क्षेत्रीय अधिकारी के रूप में भी कार्यरत रहे। वर्तमान में वे पश्चिमी उत्तर प्रदेश क्षेत्र के संपर्क प्रमुख के नाते संघ के सामाजिक और संगठनात्मक समन्वय का महत्वपूर्ण दायित्व निभा रहे थे।
कल आगरा में होगा अंतिम संस्कार
आनंद कुमार की अंतिम यात्रा मंगलवार को उनके आवास 9, नार्थ विजय नगर कॉलोनी, आगरा से प्रातः 11 बजे प्रारंभ होकर ताजगंज श्मशान घाट पहुंचेगी। वहीं वैदिक विधि-विधान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। संघ के वरिष्ठ पदाधिकारी, स्वयंसेवक, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि एवं नगर के गणमान्य नागरिक अंतिम दर्शन कर श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे।
संघ परिवार ने उनके निधन को संगठन के लिए अपूरणीय क्षति बताते हुए ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति एवं शोक संतप्त परिवार को यह दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की है।