आगरा कॉलेज में दूसरा ओरिएंटेशन कार्यक्रमः छात्रों को मिला अकादमिक व नैतिक दिशा का परिचय

आगरा। आगरा कॉलेज के गंगाधर शास्त्री भवन में बी.एस.सी. (आईटी), बीबीए, बीसीए, बायोटेक्नोलॉजी, जर्नलिज्म एवं अन्य व्यावसायिक पाठ्यक्रमों में नवप्रवेशित विद्यार्थियों के लिए एक दिवसीय ओरिएंटेशन कार्यक्रम का आयोजन हुआ।

Aug 6, 2025 - 18:32
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आगरा कॉलेज में दूसरा ओरिएंटेशन कार्यक्रमः छात्रों को मिला अकादमिक व नैतिक दिशा का परिचय
गंगाधर शास्त्री भवन, आगरा कॉलेज में ओरिएंटेशन कार्यक्रम में राष्ट्रगान के दौरान प्राचार्य प्रो. सी.के. गौतम और अन्य शिक्षकगण।

कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को शैक्षणिक, प्रशासनिक, अनुशासनात्मक और करियर संबंधी संरचनाओं से परिचित कराना तथा उन्हें आगामी शैक्षणिक सत्र हेतु मार्गदर्शन प्रदान करना था।

कार्यक्रम का शुभारंभ प्रो. संध्या यादव के स्वागत भाषण से हुआ। तत्पश्चात क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी राजेश कुमार ने छात्रों को उच्च शिक्षा में नवाचार, आत्मविकास और भविष्य निर्माण की प्रेरणा दी।

चीफ प्रॉक्टर प्रो. वी.के. सिंह एवं प्रो. संध्या यादव ने छात्रों को महाविद्यालय की अनुशासन संहिता से अवगत कराया। प्रो. गौरांग मिश्रा ने नई शिक्षा नीति पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि यह प्रणाली छात्रों को बहुविषयक, व्यावहारिक और शोधोन्मुखी शिक्षा की ओर प्रेरित करती है।

प्रो. अमित अग्रवाल ने शैक्षणिक ढांचे, कक्षा समयसारणी और पाठ्यक्रम संरचना की जानकारी दी। प्रो. आशीष कुमार ने एनसीसी, रोवर्स एंड रेंजर्स, तथा प्रो. पूनम चांद ने स्टूडेंट काउंसलिंग, करियर गाइडेंस और प्लेसमेंट सेल की कार्यप्रणाली समझाई। डॉ. पारुल महाजन (बीबीए/बीसीए विभाग) और डॉ. अश्वनी शर्मा (बी.कॉम विभाग) ने विभागीय गतिविधियों की जानकारी दी।

प्राचार्य प्रो. सी.के. गौतम ने कार्यक्रम अध्यक्षता की। उन्होंने विद्यार्थियों को विज्ञान की वैविध्यपूर्ण भूमिका, वैचारिक स्वतंत्रता और स्वाध्याय की महत्ता को समझाते हुए बताया कि आज की शिक्षा का उद्देश्य केवल प्रमाणपत्र नहीं, बल्कि छात्रों का वैज्ञानिक, संवादशील और नैतिक विकास है। उन्होंने कहा, विज्ञान केवल प्रयोगशालाओं तक सीमित नहीं, बल्कि समाज के हर क्षेत्र खाद्य सुरक्षा, सार्वजनिक स्वास्थ्य, पर्यावरणीय स्थिरता में इसकी सक्रिय भूमिका है।

उन्होंने विद्यार्थियों से पुस्तकालय, प्रयोगशालाएं और डिजिटल संसाधनों का अधिकतम उपयोग करने का आह्वान किया।

कार्यक्रम में प्रो. पी.वी. झा, प्रो. भूपाल सिंह, प्रो. भूपेंद्र कुमार चिकारा, प्रो. शशिकांत पांडेय, प्रो. ए.के. सिंह, प्रो. विक्रम सिंह, डॉ. गौरव कौशिक, प्रो. कल्पना चतुर्वेदी, प्रो. डी.पी. सिंह सहित कई वरिष्ठ शिक्षकगण उपस्थित रहे।

प्रश्नोत्तर सत्र में विद्यार्थियों ने खुलकर प्रश्न पूछे, जिनके उत्तर शिक्षकों ने आत्मीयता और स्पष्टता से दिए। कार्यक्रम का समापन ‘जन गण मन’ के सामूहिक गायन के साथ हुआ, जिससे वातावरण में राष्ट्रभक्ति और अनुशासन की ऊर्जा भर गई।

SP_Singh AURGURU Editor