एसएन मेडिकल कॉलेज के छात्रों ने शरीर संरचना मॉडल प्रतियोगिता में दिखाया वैज्ञानिक कौशल
आगरा। सरोजिनी नायडू मेडिकल कॉलेज, आगरा के एनाटॉमी विभाग द्वारा आयोजित ‘शरीर की संरचना’ विषयक मॉडल निर्माण प्रतियोगिता में एमबीबीएस छात्रों ने अपने नवाचारी विचारों और वैज्ञानिक प्रतिभा का अद्भुत प्रदर्शन किया। छात्रों द्वारा तैयार किए गए मॉडल न केवल शारीरिक संरचना को रचनात्मकता से दर्शा रहे थे, बल्कि उनमें चिकित्सा विज्ञान की गहराई और समझ की भी झलक थी।
मॉडल में उभरी चिकित्सा अवधारणाओं की स्पष्टता
प्रतियोगिता में छात्रों ने मानव शरीर के अंगों की बनावट, कार्यप्रणाली और पारस्परिक क्रियाविधि को सजीव रूप में मॉडल के ज़रिए प्रस्तुत किया। कुछ मॉडलों में मस्तिष्क की संरचना, हृदय की कार्यप्रणाली, पाचन तंत्र की क्रियाशीलता, और अस्थि प्रणाली की जटिलता जैसे जटिल पहलुओं को बड़े ही सरल, सटीक और व्यावहारिक तरीके से दर्शाया गया। यह पहल चिकित्सा शिक्षा के प्रारंभिक चरण में ही छात्रों की अन्वेषण क्षमता और टीमवर्क को प्रोत्साहित करती है।
प्राचार्य ने परखी छात्रों की समझ
कॉलेज के प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता ने प्रतियोगिता का अवलोकन करते हुए प्रत्येक मॉडल का गहराई से परीक्षण किया। उन्होंने प्रतिभागियों से सवाल पूछकर उनकी विषयवस्तु पर पकड़ को परखा और प्रस्तुति कौशल, वैज्ञानिक दृष्टिकोण व रचनात्मकता की मुक्तकंठ से सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से विद्यार्थियों में आत्मविश्वास, संप्रेषण कौशल और चिकित्सा अवधारणाओं की स्पष्टता बढ़ती है।
चिकित्सा शिक्षा में क्रियात्मकता का महत्व
एनाटॉमी विभागाध्यक्ष डॉ. अंशु गुप्ता ने कहा कि इस प्रकार की गतिविधियां छात्रों में चिकित्सा शास्त्र के प्रति रुचि उत्पन्न करने के साथ-साथ टीमवर्क, क्रिटिकल थिंकिंग और नवाचार की भावना को सशक्त करती हैं। उन्होंने घोषणा की कि भविष्य में भी ऐसे प्रयोगात्मक व शिक्षाप्रद कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा ताकि विद्यार्थियों की प्रयोगात्मक दक्षता में निरंतर विकास हो सके।
विशेषज्ञों ने किया मॉडलों का मूल्यांकन
छात्रों के मॉडलों का मूल्यांकन डॉ. रेनू अग्रवाल, डॉ. कामना सिंह और डॉ. दिव्या श्रीवास्तव द्वारा किया गया। उन्होंने वैज्ञानिक दृष्टिकोण, मॉडल की संरचना, नवाचार तथा प्रस्तुति कौशल के आधार पर सभी प्रतिभागियों की सराहना की और उन्हें भविष्य के लिए मार्गदर्शन भी दिया।
शिक्षकों की मौजूदगी से बढ़ा उत्साह
इस अवसर पर डॉ. प्रदीप, डॉ. अंजलि, डॉ. विभु दीप, डॉ. ऋचा सिंह, डॉ. गरिमा, डॉ. प्रीति भारद्वाज सहित अनेक शिक्षक उपस्थित रहे। सभी ने इस प्रकार के कार्यक्रम को चिकित्सा विद्यार्थियों के शोध व व्यावहारिक शिक्षा की दिशा में सार्थक कदम बताया। कॉलेज प्रशासन ने भी ऐसे आयोजनों को प्रोत्साहित करने की प्रतिबद्धता दोहराई।