एसटीएफ का शिकंजा कसा, बाह से पकड़ा गया प्रदीप बाबा, बिश्नोई गैंग की जड़ें आगरा तक
बाह निवासी प्रदीप बाबा की एसटीएफ द्वारा गिरफ्तारी ने आगरा में लॉरेंस बिश्नोई गैंग के फैलते नेटवर्क का खुलासा किया है। आरोपी 10 करोड़ की रंगदारी मांगने और धमकी देने के मामले में शामिल था। जांच में सामने आया है कि बाह और आसपास के क्षेत्रों में गैंग के अन्य सदस्य भी सक्रिय रहे हैं। अब एसटीएफ पूरे नेटवर्क पर बड़ी कार्रवाई की तैयारी में है।
आगरा। आगरा जनपद के बाह क्षेत्र निवासी कुख्यात अपराधी प्रदीप उर्फ “बाबा” को एसटीएफ ने बड़ी कार्रवाई करते हुए गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी लंबे समय से पुलिस को चकमा दे रहा था। वह लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़ा बताया जा रहा है। उस पर 30 हजार रुपये का इनाम भी घोषित था। बाह क्षेत्र से कुख्यात अपराधी प्रदीप उर्फ “बाबा” की गिरफ्तारी ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि लॉरेंस बिश्नोई गैंग की जड़ें अब पश्चिमी उत्तर प्रदेश तक गहराई से फैल चुकी हैं। एसटीएफ की इस कार्रवाई को बड़े नेटवर्क पर चोट माना जा रहा है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि प्रदीप बाबा सिर्फ एक मोहरा नहीं, बल्कि गैंग के लिए स्थानीय स्तर पर सक्रिय कड़ी के रूप में काम कर रहा था। वह व्यापारियों को डराकर मोटी रकम वसूलने के मिशन पर लगा हुआ था।
दहशत फैलाने के लिए तकनीक का इस्तेमाल
मामले में सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि आरोपी ने एक व्यापारी से करीब 10 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी थी। पैसे न देने पर उसने व्यापारी और उसके परिवार को खत्म करने की धमकी दी। धमकी देने के लिए मोबाइल वॉइस क्लिप का इस्तेमाल किया गया, जिससे इलाके में भय का माहौल बन गया। पुलिस के अनुसार, यह तरीका गैंग की नई रणनीति का हिस्सा है, जिसमें डिजिटल माध्यम से डर फैलाया जाता है।
आगरा में धीरे-धीरे फैल रहा बिश्नोई नेटवर्क
सूत्रों के अनुसार, बाह और आसपास के क्षेत्रों से पहले भी बिश्नोई गैंग से जुड़े कुछ संदिग्धों को पकड़ा जा चुका है। इन लोगों का काम स्थानीय स्तर पर गैंग के लिए रेकी करना, व्यापारियों की जानकारी जुटाना और डर का माहौल बनाना था। जांच एजेंसियों को यह भी संकेत मिले हैं कि आगरा, बाह, फतेहाबाद और आसपास के इलाकों में गैंग ने अपनी छोटी-छोटी टीमें बना रखी हैं, जो समय-समय पर रंगदारी और फायरिंग जैसी वारदातों को अंजाम देती हैं।
पूछताछ में खुल सकते हैं कई बड़े नाम
एसटीएफ द्वारा प्रदीप बाबा की गिरफ्तारी के बाद अब उससे गहन पूछताछ की जा रही है। माना जा रहा है कि पूछताछ में गैंग के अन्य सदस्यों, फंडिंग चैनल और स्थानीय सहयोगियों के बारे में अहम खुलासे हो सकते हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह गिरफ्तारी सिर्फ शुरुआत है और आने वाले दिनों में पूरे नेटवर्क पर बड़ी कार्रवाई हो सकती है।
फायरिंग और रंगदारी के केस में पहले से दर्ज हैं मुकदमे
प्रदीप बाबा का आपराधिक इतिहास भी काफी लंबा रहा है। वह पहले भी फायरिंग, रंगदारी और धमकी जैसे मामलों में शामिल रह चुका है। पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी पर 30 हजार रुपये का इनाम घोषित कर रखा था। उसकी गिरफ्तारी को पुलिस बड़ी सफलता मान रही है, जिससे क्षेत्र में अपराधियों के खिलाफ सख्त संदेश गया है।