यूपी कांग्रेस अध्यक्ष ने आपरेशन सिंदूर पर उठाए सवाल, बोले- पीएम स्थिति स्पष्ट करें
यूपी कांग्रेस के लीडर अजय राय ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर को लेकर बार बार अलग अलग किए जा रहे दावों से पाकिस्तान के खिलाफ सैन्य ऑपरेशन पर शक बढ़ता जा रहा है। प्रधानमंत्री को इसके बारे में स्पष्ट बताना चाहिए।
लखनऊ। कांग्रेस ने शुक्रवार को फिर से ऑपरेशन सिंदूर पर सवाल खड़े किए हैं। पार्टी ने सरकार और सशस्त्र बलों के ऑपरेशन ‘सिंदूर’ को लेकर किए गए दावों पर सवाल उठाए है। पार्टी के उत्तर प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि कुछ गड़बड़ है। राय ने कहा, 'लोगों और मीडिया को बार-बार बयान और स्पष्टीकरण देने की कोशिशों का क्या मतलब है… कुछ गड़बड़ जरूर है। प्रधानमंत्री को चाहिए कि वह देश के सामने पूरे तथ्य रखें और इस मामले को हमेशा के लिए सुलझाएं।'
न्यूज एजेंसी आईएएनएस से बातचीत में अजय राय ने कहा, 'सीडीएस और सशस्त्र बलों के प्रमुखों द्वारा अलग-अलग बयान दिए जाने से शक और बढ़ गया है। अब समय आ गया है कि प्रधानमंत्री जनता के सामने पूरी सच्चाई साझा करें।' राय के बयान ऐसे समय में आए हैं जब एयर चीफ मार्शल ए.पी. सिंह ने शुक्रवार को बताया कि ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान की सेनाओं पर कहर बरपाया, और इसके दौरान उनके प्रमुख लड़ाकू विमानों, जिनमें अमेरिकी F-16 और चीनी J-17 शामिल थे, नष्ट हो गए। उन्होंने कहा कि भारतीय वायु सेना के पास कम से कम एक एयरबोर्न अर्ली वार्निंग और कंट्रोल (AEW&C) विमान पर लंबी दूरी की स्ट्राइक और चार-पांच लड़ाकू विमानों पर हमले के सबूत हैं।
आईएएफ प्रमुख अमन प्रीत सिंह ने कहा, 'इस ऑपरेशन की सबसे बड़ी उपलब्धि भारतीय वायु सेना द्वारा अब तक की सबसे लंबी दूरी की मार हासिल करना है, जो भारत की हवाई क्षमता और मारक क्षमता को दर्शाता है।' उन्होंने बताया कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारतीय वायु सेना ने न केवल दुश्मन क्षेत्र में गहरी पैठ बनाई, बल्कि अब तक की सबसे लंबी दूरी की मार (लगभग 300 किमी) भी हासिल की, जिससे पाकिस्तान अपने ही क्षेत्र में काम नहीं कर सका।
वायुसेना प्रमुख ने कहा कि भारत की मजबूत वायु रक्षा संरचना ने इस पूरे ऑपरेशन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जिससे परिसंपत्तियों की सुरक्षा और संचालन में समन्वय बना रहा। उन्होंने बताया कि हमने एक रात की तीव्र कार्रवाई में उन्हें (पाकिस्तान) घुटनों पर ला दिया। वायु सेना की यह मारक क्षमता पहली बार 1971 के बाद प्रदर्शित हुई।
इससे पहले, विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान चीन-पाकिस्तान तालमेल को लेकर विपक्ष की चेतावनी पर तंज कसा। उन्होंने कहा कि कुछ ‘चीन गुरु’ सरकार को सलाह दे रहे हैं, जबकि उनकी खुद की इतिहास में ड्रैगन को नजरअंदाज करने की आदत रही है। विदेश मंत्री का यह बयान लोकसभा में ऑपरेशन सिंदूर पर हुए बहस के दौरान आया था, जिसमें विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने 21वीं सदी की चुनौतियों और चीन-पाकिस्तान के संभावित तालमेल को लेकर सरकार को सतर्क होने की चेतावनी दी थी।