अर्बन सेंटर से बदलेगा आगरा का नक्शा, करोड़ों का निवेश संभावित, मास्टर प्लान पर मंथन
आगरा अर्बन सेंटर को एक आधुनिक, पर्यावरण-संवेदनशील और आर्थिक रूप से मजबूत शहरी केंद्र के रूप में विकसित करने की योजना है। इसमें आवास, उद्योग, पर्यटन, हरित क्षेत्र, सोलर एनर्जी और मल्टी-मॉडल कनेक्टिविटी पर विशेष ध्यान दिया गया है। मास्टर प्लान को जल्द अंतिम रूप देकर जनता से आपत्तियां मांगी जाएंगी।
आवास, उद्योग, पर्यटन और पर्यावरण, एक साथ विकास की बड़ी योजना
आगरा। आगरा को एक नए शहरी और आर्थिक आयाम पर ले जाने के लिए आगरा अर्बन सेंटर का मास्टर प्लान तैयार किया जा रहा है। इसको लेकर आज उच्चाधिकारियों की मंडलायुक्त की अध्यक्षता में बैठक हुई। बैठक में तय हुआ कि इस महत्वाकांक्षी परियोजना के तहत लगभग 1878 हेक्टेयर क्षेत्र में आवासीय सुविधाओं का विकास किया जाएगा, जहां 12 से 15 लाख लोगों के रहने की व्यवस्था होगी। योजना में एचआईजी, एमआईजी, एलआईजी और ईडब्लूएस सभी वर्गों के लिए सेक्टर आधारित हाउसिंग की प्लानिंग की गई है।
3 हजार हेक्टेयर में औद्योगिक हब
आगरा अर्बन सेंटर के अंतर्गत लगभग 3000 हेक्टेयर क्षेत्र में औद्योगिक क्षेत्र विकसित किया जाएगा। टीटीजेड (ताज ट्रैपेजियम ज़ोन) को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है कि 20 से कम प्रदूषण स्कोर वाले उद्योगों को ही वरीयता दी जाएगी, ताकि पर्यावरण संतुलन बना रहे और ताजमहल की सुरक्षा सुनिश्चित हो।
405 हेक्टेयर में पर्यटन का नया संसार
आगरा अर्बन सेंटर में रिवरफ्रंट, थीम पार्क और वेलनेस हब आकर्षण के केंद्र होंगे। पर्यटन को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए 405 हेक्टेयर क्षेत्र में दो पर्यटन जोन विकसित किए जाएंगे। इनमें लक्ज़री और बजट होटल, रिसॉर्ट्स, एग्ज़ीबिशन एंड ट्रेड सेंटर, रिवरफ्रंट डेवलपमेंट, थीम पार्क, वेलनेस एवं हेल्थ सेंटर जैसी सुविधाएं शामिल होंगी। इसके साथ ही गोल्फ कोर्स, स्पोर्ट्स विलेज और बायोडायवर्सिटी पार्क भी प्रस्तावित हैं।
हरित विकास पर ज़ोर
शहर को हरित बनाए रखने के लिए सिटी लेवल पर 2 बड़े पार्क, डिस्ट्रिक लेवल पर 4 पार्क विकसित किए जाएंगे। इसके अलावा 256 मेगावाट क्षमता का सोलर पार्क तैयार किया जाएगा, जिससे आगरा अर्बन सेंटर को ग्रीन एनर्जी मॉडल के रूप में विकसित किया जा सके।
एयर–रेल–मेट्रो–एक्सप्रेसवे से होगी सशक्त कनेक्टिविटी
परियोजना में हवाई, रेल, मेट्रो और हाईवे/एक्सप्रेसवे कनेक्टिविटी को ध्यान में रखते हुए मजबूत रोड नेटवर्क, इंटरचेंज, आधुनिक ट्रांसपोर्टेशन सिस्टम का विकास किया जाएगा, जिससे आवागमन सुगम और तेज़ होगा।
पानी और सीवरेज पर विशेष ध्यान
आगरा अर्बन सेंटर क्षेत्र में 7 सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) बनाए जाएंगे, जिनकी कुल क्षमता 335 MLD होगी। वहीं 375 MLD पानी की आवश्यकता को पूरा करने के लिए निचली गंगा नहर, यमुना नदी, रेन वाटर हार्वेस्टिंग पर निर्भरता रखी गई है। हालांकि मण्डल आयुक्त ने स्पष्ट किया कि केवल नहर और नदी से पानी की पूर्ति संभव नहीं है, इसलिए और सुदृढ़ व वैकल्पिक जल व्यवस्था पर पुनर्विचार आवश्यक है।
मास्टर प्लान फाइनल होने के बाद मांगी जाएंगी आपत्तियां
यीडा अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि बैठक में आए सभी सुझावों को ड्राफ्ट मास्टर प्लान में शामिल किया जाएगा। मास्टर प्लान के फाइनल होने के बाद इसे पब्लिश किया जाएगा, जिसके पश्चात जन आपत्तियां और सुझाव आमंत्रित किए जाएंगे।
उच्चस्तरीय बैठक में कई वरिष्ठ अधिकारी रहे मौजूद
इस अहम बैठक में यीडा सीईओ श्री राकेश कुमार सिंह, मण्डल आयुक्त शैलेन्द्र कुमार सिंह, जिलाधिकारी अरविन्द मलप्पा बंगारी, नगरायुक्त अंकित खण्डेलवाल, एडीए उपाध्यक्ष एम. अरून्मौझी, मेट्रो प्रोजेक्ट निदेशक अरविंद राय सहित प्रशासन, परिवहन और विकास से जुड़े कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।