वास्तुशास्त्र कहता है- अध्ययन कक्ष ऐसा होना चाहिए
अध्ययन की एकाग्रता ही विद्यार्थी को अपने लक्ष्य तक ले जाती है। आज विद्यार्थी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए दिन-रात एक कर पढ़ाई करते हैं। ऐसे में उनका कक्ष (स्टडी रूम) यदि वास्तु सिद्धांतों के अनुरूप बना हो और वहां का वातावरण खुशनुमा हो तो मस्तिष्क पर बेहद सकारात्मक प्रभाव पड़ता है, कैसे आइए जानते हैं-
वास्तु शास्त्र के अनुसार पूर्व उत्तर एवं ईशान दिशाएं ज्ञानवर्धक दिशाएं कहलाती हैं। अतः अध्ययन उत्तर पूर्व या ईशान दिशा की ओर मुंह करके करना चाहिए। यदि किसी कारणवश अध्ययन कक्ष पश्चिम दिशा में हो तो पढ़ते समय मुंह उपयुक्त दिशाओं की ओर ही होना चाहिए। विज्ञान के अनुसार इंफ्रारेड किरणें उत्तरी पूर्वी कोण अर्थात ईशान कोण से ही मिलती हैं। ये किरणें मानव शरीर तथा वातावरण के लिए अत्यंत लाभदायक हैं। ये शरीर की कोशिकाओं को शक्ति और मन को एकाग्रता प्रदान करती हैं।
अध्ययन कक्ष ऐसा हो, जिसमें अध्ययन की हर सुविधा उपलब्ध हो। उसमें किताबों की रैक हो और मेज ऐसी हो जिस पर आवश्यक लेखन सामग्री के अलावा लिखने की पर्याप्त जगह हो। दीवारों पर महापुरुषों के चित्र और उनके वचन आदि भी लगा सकते हैं। साथ ही यदि मेज पर फूलों का गमला रखें, तो वातावरण और भी स्वाभाविक होगा। इसके अतिरिक्त अध्ययन कक्ष में एक बुक सेल्फ के अलावा आवश्यक फाइल, रजिस्टर याद रखने की पूरी जगह हो। पेन, पेंसिल, फ्लॉपी, पैन ड्राइव आदि रखने के लिए दीवारों पर लगाए जाने वाले शेल्फ का प्रयोग किया जा सकता है।
अध्ययन कक्ष की देखभाल भी समय-समय पर करते रहना चाहिए। किताबों को व्यवस्थित करना और उन्हें यथास्थान पर रखना भी किसी कला से कम नहीं है। किताबें और अन्य वस्तुएं यदि तरतीब से रखी होंगी तो उन्हें खोजने में समय नष्ट नहीं होगा। अध्ययन कक्ष में डस्टबिन का होना आवश्यक है, जिसमें कागज के टुकड़े, पुरानी रिफिल गैर जरूरी सामान आदि डाले जा सकें। पुस्तकें सदैव दक्षिण और पश्चिम कोण में रखें। यदि दक्षिण और पश्चिम में कोण में स्थान का अभाव हो तो दक्षिण या पश्चिम दिशा में भी रख सकते हैं।
अध्ययन कक्ष में मेज के सामने या पास में आईना न रखें। मेज बीम के नीचे नहीं होनी चाहिए। मेज सदा पूर्व दिशा की तरफ रखें। इससे पढ़ाई में मन लगेगा और एकाग्रता में वृद्धि होगी। पूर्व दिशा की ओर मुंह करके पढ़ना स्वास्थ्य के लिए लाभदायक होता है।
-डॉ. अरविन्द मिश्र
ज्योतिषाचार्य एवं वास्तुविद
पता: भविष्य बनाओ ज्योतिष एवं वास्तु शोध संस्थान शॉप नं. 21 ब्लॉक नं. 25 ग्राउंड फ्लोर (निकट आहार रेस्टोरेंट) संजय प्लेस, आगरा।
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