एसएन मेडिकल कॉलेज में व्हाइट कोट सेरेमनी, नए बैच के भविष्य के डॉक्टरों ने ली चिकित्सा सेवा की शपथ

आगरा। सरोजिनी नायडू मेडिकल कॉलेज, आगरा में आज नवप्रवेशित एमबीबीएस 2025 बैच के लिए आयोजित व्हाइट कोट सेरेमनी भव्यता, गरिमा और उत्साह के साथ सम्पन्न हुई। यह प्रतिष्ठित आयोजन विद्यार्थियों के चिकित्सा जगत में औपचारिक प्रवेश का प्रतीक होने के साथ-साथ उन्हें चिकित्सा नैतिकता, मानवता और सेवा के मूल्यों के प्रति प्रतिबद्ध होने की प्रेरणा भी देता है।

Dec 12, 2025 - 23:28
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एसएन मेडिकल कॉलेज में व्हाइट कोट सेरेमनी, नए बैच के भविष्य के डॉक्टरों ने ली चिकित्सा सेवा की शपथ
एसएन मेडिकल कॉलेज में व्हाइट कोट सेरेमनी में मौजूद कॉलेज के प्राचार्य डॉ प्रशांत गुप्ता व अन्य चिकित्सकों के साथ नए बैच के छात्र।

आगरा।  सरोजिनी नायडू मेडिकल कॉलेज, आगरा में आज नवप्रवेशित एमबीबीएस 2025 बैच के लिए आयोजित व्हाइट कोट सेरेमनी भव्यता, गरिमा और उत्साह के साथ सम्पन्न हुई। यह प्रतिष्ठित आयोजन विद्यार्थियों के चिकित्सा जगत में औपचारिक प्रवेश का प्रतीक होने के साथ-साथ उन्हें चिकित्सा नैतिकता, मानवता और सेवा के मूल्यों के प्रति प्रतिबद्ध होने की प्रेरणा भी देता है।

कार्यक्रम का शुभारंभ पारंपरिक दीप प्रज्ज्वलन और सरस्वती वंदना के साथ हुआ। प्रधानाचार्य एवं डीन डॉ. प्रशांत गुप्ता ने नए विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए चिकित्सा पेशे की गंभीरता, जिम्मेदारी और इसके साथ आने वाले नैतिक आचरण पर विशेष जोर दिया। इसके बाद विद्यार्थियों को चरक शपथ दिलाई गई, जिसमें करुणा, निष्ठा, सेवा भाव और जीवनभर सीखने की प्रतिबद्धता को प्रमुखता दी गई। इसके उपरांत सभी विद्यार्थियों ने अपना पहला व्हाइट कोट धारण किया, जो उनके चिकित्सकीय सफर की सम्मानित और भावनात्मक शुरुआत का प्रतीक है।

विशेषज्ञों के प्रेरक संदेश

समारोह में विभिन्न विभागाध्यक्षों ने भविष्य के डॉक्टरों को मार्गदर्शन प्रदान किया। उप-प्रधानाचार्य डॉ. टीपी सिंह ने अनुशासन, निरंतर अभ्यास और करियरभर सीखने की आवश्यकता पर जोर दिया। डॉ. अंजलि गुप्ता (एनाटॉमी)ने मजबूत बेसिक साइंस ज्ञान को सफल चिकित्सक की नींव बताया। डॉ. दिव्या श्रीवास्तव (फिज़ियोलॉजी)ने वैज्ञानिक सोच और सहानुभूति को एक आदर्श डॉक्टर के दो स्तंभ बताए। डॉ. कामना सिंह (बायोकैमिस्ट्री)ने प्रयोगशाला में शुद्धता, परिशुद्धता और नैतिकता की अहमियत के बारे में बताया। 

डॉ. रेनू अग्रवाल (पीएसएम)ने निवारक स्वास्थ्य और सामुदायिक सेवा को चिकित्सा का असली उद्देश्य बताया। डॉ. अंकुर गोयल (माइक्रोबायोलॉजी)ने परीक्षा अनुशासन, विश्वविद्यालय नियम और अकादमिक ईमानदारी पर बल दिया।  डॉ. राजेश गुप्ता (सर्जरी) ने आत्मविश्वास, कौशल और धैर्य की जरूरत को समझाया। डॉ. शिखा सिंह (स्त्री एवं प्रसूति रोग) ने संवेदनशीलता, मातृत्व सेवा और महिलाओं के स्वास्थ्य पर विशेष चर्चा की ।

मेंटरशिप व छात्र सहयोग कार्यक्रम

डॉ. ऋचा श्रीवास्तव ने कॉलेज के मेंटॉरशिप प्रोग्राम का परिचय कराया, जो विद्यार्थियों को शैक्षणिक एवं भावनात्मक सहायता प्रदान करेगा। डॉ. रुचिका गर्ग और डॉ. के. एस. दिनकर ने हॉस्टल नियम, अनुशासन और सुरक्षित कैम्पस वातावरण के बारे में जानकारी साझा की। पूर्व बैच (MBBS 2024) के छात्रों द्वारा प्रस्तुत एसएनएमसी गीत ने कार्यक्रम में उत्साह एवं गौरव का जोश भर दिया।

धन्यवाद ज्ञापन और समापन

कार्यक्रम का समापन यूजी अकादमिक इंचार्ज डॉ. दिव्या श्रीवास्तव द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ। समूचे कार्यक्रम का सफल संचालन डॉ. सुदिप्ति यादव (सहायक प्रोफेसर, फिज़ियोलॉजी) ने किया। यह व्हाइट कोट सेरेमनी नए बैच के MBBS छात्रों के लिए केवल एक औपचारिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि जीवन में आगे बढ़ने के लिए एक प्रेरणादायक शुरुआत बनी, जिसने उन्हें चिकित्सा सेवा को समर्पित एक सच्चा चिकित्सक बनने की राह पर दृढ़तापूर्वक आगे बढ़ाया।