कश्मीर-सीएए पर तल्खी के बाद अब मोदी मलेशिया के 'ग्रेट फ्रेंड', महातिर दौर की 'कड़वाहट' बीते दिनों की बात
पीएम नरेंद्र मोदी दो दिन के मलेशिया दौरे पर शनिवार को कुआलालंपुर पहुंच चुके हैं। पीएम अनवर इब्राहिम ने खुद मोदी का एयरपोर्ट पर स्वागत किया। अनवर इब्राहिम ने मोदी को 'ग्रेट फ्रेंड' कहा है।
कुआलालंपुर। पीएम मोदी अपने दो दिन के मलेशिया दौरे पर राजधानी कुआलालंपुर पहुंच चुके हैं। शनिवार को कुआलालंपुर पहुंचने पर भारतीय प्रधानमंत्री का भव्य स्वागत किया गया। मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम ने एयरपोर्ट पर मोदी की अगवानी की। पीएम मोदी की यह यात्रा दोनों देशों के बीच संबंधों में बदलाव का प्रतीक है। यह मोदी की मलेशिया की तीसरी यात्रा है। अगस्त 2024 में भारत-मलेशिया द्विपक्षीय संबंधों को 'व्यापक रणनीतिक साझेदारी' का दर्जा दिए जाने के बाद यह पहली यात्रा है।
एक समय था जब तत्कालीन मलेशियाई पीएम महातिर मोहम्मद की अगुवाई में भारत के साथ रिश्तों में कड़वाहट आ गई थी। हालांकि, अब यह कड़वाहट का दौर बीते समय की बात हो चुकी है। मलेशिया के पीएम अनवर इब्राहिम ने डायस्पोरा इवेंट में भारतीय पीएम मोदी को 'ग्रेट फ्रेंड' बताया।
पूर्व मलेशीयाई पीएम महातिर मोहम्मद ने यूएन जनरल असेंबली में बोलते हुए कश्मीर का मुद्दा उठाया था। उन्होंने आरोप लगाया था कि भारत ने जम्मू और कश्मीर पर हमला करके कब्जा कर लिया है। साथ ही नई दिल्ली से इस मुद्दे को सुलझाने के लिए पाकिस्तान के साथ मिलकर काम करने की बात कही थी। इस पर विदेश मंत्रालय ने कड़ी प्रतिक्रिया दी थी। साथ ही, मलेशिया नेतृत्व से तथ्यों को बेहतर ढंग से समझने का आग्रह किया था।
इससे पहले दिसंबर 2019 में म महातिर मोहम्मद ने भारत के नए नागरिकता कानून की आलोचना की थी। उन्होंने इसे मुसलमानों के खिलाफ भेदभावपूर्ण माना था। महातिर ने नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) की 'जरूरत पर सवाल उठाया था। उनका कहना था कि इस कानून की वजह से लोग मर रहे हैं। महातिर ने कश्मीर से अनुच्छेद 370 के हटाने का भी विरोध किया था।
इतना ही नहीं महातिर मोहम्मद ने भारत के भगोड़े इस्लामी उपदेशक जाकिर नाइक को भी पनाह दी थी। जाकिर हिंदुओं और आम तौर पर भारतीयों के खिलाफ भड़काऊ भाषण देने के मामले में आरोपी था। महातिर के इस रुख के बाद भारत और मलेशिया के संबंधों में खटास आ गई थी। भारत ने मलेशिया से पाम ऑयल के इंपोर्ट पर पाबंदी लगा थी।
दोनों देशों के बीच संबंधों में कड़वाहट का दौर बीत चुका है। इस बात का अंदाजा इससे लगाया जा सकता है कि मोदी और मलेशिया के पीएम अनवर इब्राहिम एक ही कार में भारतीय समुदाय के एक कार्यक्रम स्थल पर गए। भारत और मलेशिया के बीच ऐतिहासिक संबंधों में हाल के वर्षों में निरंतर प्रगति हुई है। दोनों देश अपने रक्षा और सुरक्षा संबंधों को मजबूत करने, अपनी आर्थिक और इनोवेशन पार्टनरशिप को बढ़ाना तथा नए क्षेत्रों में अपने सहयोग का विस्तार करना चाहते हैं।
भारत और मलेशिया ने अगस्त 2024 में अपने द्विपक्षीय संबंधों को एक व्यापक रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक बढ़ाया है। पीएम मोदी का कहना है कि भारत और मलेशिया के बीच दोस्ती के बंधन को और मजबूत करने की उम्मीद है। भारत और मलेशिया ऐतिहासिक, सभ्यतागत और सांस्कृतिक संबंधों पर आधारित दीर्घकालिक मित्रता साझा करते हैं। मलेशिया में 29 लाख से अधिक भारतीय प्रवासी समुदाय की उपस्थिति से यह संबंध और भी मजबूत होता है, जो विश्व में तीसरा सबसे बड़ा है।