ऐश्वर्या लक्ष्मी ड्रेस विवाद पर भड़कीं, पूछा - क्या किसी महिला का क्लीवेज देश का सबसे बड़ी समस्या है, मलयालम इंडस्ट्री में मचा था शोर
मॉलीवुड एक्ट्रेस ऐश्वर्या लक्ष्मी ने चार महीने बाद अपनी ड्रेस विवाद पर चुप्पी तोड़ी है। एक ज्वेलरी इवेंट में उनके आउटफिट को लेकर मलयालम इंडस्ट्री में खूब शोर मचा था। अब एक्ट्रेस ने ताजा इंटरव्यू में दो पूछा कहा कि क्या किसी महिला का क्लीवेज सच में इस देश की सबसे बड़ी समस्या है?
तिरुवनंतपुरम। मलयालम फिल्मों की मशहूर एक्ट्रेस ऐश्वर्या लक्ष्मी बीते मई महीने में एक डायमंड ज्वेलरी एग्जिबिशन में पहुंची थीं। वहां 35 साल की एक्ट्रेस के कपड़ों को लेकर सोशल मीडिया पर हाय-तौबा मची। ऑनलाइन आलोचनाओं का शिकार बनीं एक्ट्रेस ने अब चार महीने बाद एक इंटरव्यू में इस विवाद पर चुप्पी तोड़ी है। उन्होंने दो टूक शब्दों में सोशल मीडिया यूजर्स और इवेंट में मौजूद फोटोग्राफर्स पर निशाना साधा है। एक्ट्रेस ने कहा कि इवेंट में साफ दिख रहा था कि फोटोग्राफर उनके चेहरे पर फोकस नहीं कर रहे थे, बल्कि अजीब एंगल से तस्वीरें ले रहे थे। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या किसी महिला का क्लीवेज सच में इस देश की सबसे बड़ी समस्या है? क्या संस्कृति की बातचीत सिर्फ महिला की नेकलाइन तक सीमित है?
'गार्गी' और 'पोन्नियिन सेल्वन' की एक्ट्रेस ने बताया कि वह इवेंट में फोटोग्राफरों के तरीके से असहज महसूस कर रही थीं। ऐश्वर्या लक्ष्मी ने कहा, 'वे मेरे चेहरे पर फोकस नहीं कर रहे थे। मुझे असहज महसूस हुआ और जब आप असहज महसूस करवाते हैं तो आपकी बॉडी लैंग्वेज भी बदल जाती है। मुझे लगा कि मेरी पर्सनल बाउंड्री का उल्लंघन हुआ है।'
अपनी बेबाकी के लिए मशहूर ऐश्वर्या लक्ष्मी ने औरतों के कपड़ों पर टीका-टिप्पणी करने वालों पर भी भड़ास निकाली। कहा, 'सच कहूं तो इन सब बातों से मुझे कोई फर्क नहीं पड़ता। मैं ऐसी आलोचनाओं पर ध्यान नहीं देती। फिर भी मैं साफ-साफ बताऊंगी कि उस समय असल में क्या हुआ था। मैं पहले ही साफ कर दूं कि यह कोई सफाई या बचाव करना नहीं है।'
ऐश्वर्या लक्ष्मी ने आगे कहा, 'मैंने एक ड्रेस पहनी थी जिसमें की-होल नेकलाइन थी। मेरे दोस्तों को वह ड्रेस बहुत पसंद आई। उसमें थोड़ा क्लीवेज दिख रहा था और की-होल का डिजाइन था। हालांकि, पहनने से पहले मुझे अंदाजा नहीं था कि की-होल इतना बड़ा होगा। लेकिन पहनने के बाद वह बहुत अच्छी लग रही थी। आम तौर पर मेरे साथ मेरी सहेलियों का ग्रुप होता है। डायमंड ज्वेलरी के साथ उस ड्रेस को पहनने से मुझे एक बहुत अलग लुक मिला और मेरी सहेलियों ने भी उसकी तारीफ की।'
एक्ट्रेस ने उस दिन इवेंट में जाने को लेकर आगे बताया, 'यह कोई पेड असाइनमेंट नहीं था। मैं बस इसलिए गई क्योंकि उस ब्रांड के साथ मेरे अच्छे संबंध थे। हालांकि, मैंने इस बात पर ध्यान नहीं दिया कि यह पेरिस में नहीं, बल्कि पझावंगडी में हो रहा था। मुझे उम्मीद नहीं थी कि वहां इतने सारे कैमरे होंगे। कभी-कभी एक एक्ट्रेस के तौर पर इंसान असलियत से दूर हो जाता है। वह पल मेरे लिए एक असली 'रियलिटी चेक' जैसा था। मुझे तब अजीब लगा, जब मैंने देखा कि कैमरे मेरे चेहरे के बजाय मेरे शरीर के हिस्सों पर फोकस कर रहे थे। जब हम असहज महसूस करते हैं तो हमारी बॉडी लैंग्वेज बदल जाती है। यह पर्सनल बाउंड्री की बात है। जब मुझे उस जगह पर असहज महसूस हुआ, तो मैंने अपने हाथों को अपनी छाती पर क्रॉस कर लिया।'