गंगा एक्सप्रेसवे पर दौड़ी मुख्यमंत्री की कार, परखी सड़क की गुणवत्ता

हापुड़/शाहजहांपुर/हरदोई। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को निर्माणाधीन गंगा एक्सप्रेसवे के विभिन्न सेक्शनों का दौरा किया और प्रगति का प्रत्यक्ष निरीक्षण किया। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि निर्माण कार्य गुणवत्ता और समयबद्धता के साथ पूरा किया जाए। उन्होंने ग्रुप-1 और ग्रुप-2 के कार्यों पर संतोष जताया, जबकि ग्रुप-3 और ग्रुप-4 में और तेजी लाने के आदेश दिए।

Apr 27, 2025 - 22:06
Apr 27, 2025 - 22:08
 0
गंगा एक्सप्रेसवे पर दौड़ी मुख्यमंत्री की कार, परखी सड़क की गुणवत्ता
गंगा एक्सप्रेसवे का निरीक्षण करते सीएम योगी आदित्यनाथ।

- मुख्यमंत्री योगी ने हरदोई, शाहजहांपुर और हापुड़ में गंगा एक्सप्रेसवे निर्माण कार्य का किया निरीक्षण, श्रमिकों से मिलकर बढ़ाया हौसला

-आरके सिंह-

मुख्यमंत्री ने गाड़ी में बैठकर गंगा एक्सप्रेसवे पर लगभग 5 किलोमीटर की यात्रा की और सड़क की गुणवत्ता तथा यात्रा के अनुभव का जायजा लिया। इस दौरान उन्हें विदेशी तकनीक और ज्यूरिख यूनिवर्सिटी द्वारा विकसित उन्नत रोड मापन प्रणाली के बारे में भी जानकारी दी गई, जिस पर उन्होंने प्रसन्नता व्यक्त की।

तीन जिलों में निरीक्षण, श्रमिकों से संवाद

मुख्यमंत्री ने हरदोई के बिलग्राम, शाहजहांपुर के जलालाबाद और हापुड़ के गढ़मुक्तेश्वर में बन रहे एक्सप्रेसवे के विभिन्न बिंदुओं का निरीक्षण किया।
हापुड़ में गंगा नदी पर बने बड़े ब्रिज पर चहलकदमी करते हुए उन्होंने निर्माण कार्यों की सराहना की और वहां कार्यरत श्रमिकों से बातचीत कर उनकी मेहनत की तारीफ की। मुख्यमंत्री ने श्रमिकों के साथ फोटोशूट भी कराया, जिससे मजदूरों का मनोबल बढ़ा।

एयरस्ट्रिप का हवाई सर्वेक्षण

शाहजहांपुर के जलालाबाद में गंगा एक्सप्रेसवे पर बन रही 3.5 किलोमीटर लंबी एयरस्ट्रिप का मुख्यमंत्री ने हवाई सर्वेक्षण किया। इस एयरस्ट्रिप पर मई के पहले सप्ताह में एयर शो आयोजित किया जाएगा, जिसमें पहली बार रात में विमान की लैंडिंग भी कराई जाएगी।

गंगा एक्सप्रेसवे से खुलेंगे नए अवसर

गंगा एक्सप्रेसवे का निर्माण कार्य 6 लेन में हो रहा है, जिसे भविष्य में 8 लेन तक बढ़ाया जा सकता है। इसकी कुल लंबाई लगभग 594 किलोमीटर है, जो मेरठ से प्रयागराज तक फैली है। मुख्यमंत्री ने बताया कि यह एक्सप्रेसवे प्रदेश के औद्योगिक विकास, कृषि, पर्यटन और निवेश के क्षेत्र में नए अवसर खोलेगा और प्रधानमंत्री गति शक्ति योजना के तहत देश की 5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था के लक्ष्य में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

यूपीडा के अधिकारियों ने जानकारी दी कि एक्सप्रेसवे पर यात्रियों के लिए 9 जनसुविधा परिसर, 2 मुख्य टोल प्लाजा और 19 रैंप टोल प्लाजा तैयार किए जा रहे हैं। इसके अलावा गंगा और रामगंगा नदियों पर भव्य सेतु बनाए जा रहे हैं।
गंगा एक्सप्रेसवे से मेरठ, हापुड़, बुलंदशहर, अमरोहा, संभल, बदायूं, शाहजहांपुर, हरदोई, उन्नाव, रायबरेली, प्रतापगढ़ और प्रयागराज जैसे 12 बड़े शहर सीधे जुड़ जाएंगे।

मुख्यमंत्री ने जनप्रतिनिधियों से भी संवाद कर एक्सप्रेसवे कार्यों की निगरानी करने का आग्रह किया। इस निरीक्षण के दौरान मुख्य सचिव मनोज कुमार सिंह और यूपीडा के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे।

 

गंगा एक्सप्रेसवे की प्रमुख विशेषताएं

-6 लेन का निर्माण (भविष्य में 8 लेन तक विस्तार संभव)।

-120 मीटर चौड़ा ROW और 120 किमी/घंटा डिजाइन स्पीड।

-9 जनसुविधा परिसरों व 19 रैंप टोल प्लाजा का निर्माण।

-गंगा नदी पर 960 मीटर और रामगंगा नदी पर 720 मीटर लंबे पुल प्रस्तावित।

-518 गांवों व 12 शहरों को सीधे जोड़ेगा।

-कुल 7453.15 हेक्टेयर भूमि पर, 36,230 करोड़ रुपए की लागत से निर्माण कार्य।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्पष्ट किया कि गंगा एक्सप्रेसवे न सिर्फ उत्तर प्रदेश की भौगोलिक दूरी को कम करेगा बल्कि सामाजिक और आर्थिक विकास का भी नया द्वार खोलेगा।

 

SP_Singh AURGURU Editor