प्रधान हत्याकांड का खुलासा, दरोगा की रिवाल्वर छीनकर पुलिस पर की फायरिंग, जवाबी कार्रवाई में मुख्य आरोपी घायल

आगरा के थाना जैतपुर क्षेत्र में प्रधानी की पुरानी रंजिश में हुए चर्चित अवनीश यादव हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। संयुक्त पुलिस टीम ने मुठभेड़ के दौरान दो आरोपियों कृष्णा यादव और शिव प्रताप उर्फ गेंदा को गिरफ्तार किया है। मुठभेड़ के दौरान शिव प्रताप ने दरोगा की सरकारी रिवाल्वर छीनकर पुलिस पर फायरिंग कर दी, जिसके जवाब में पुलिस की गोली उसके पैर में लगी। दोनों आरोपियों से हथियार बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, प्रधानी चुनाव की रंजिश के चलते अवनीश यादव और उनके भाई पर जानलेवा हमला किया गया था, जिसमें अवनीश की मौत हो गई थी।

Jun 3, 2026 - 14:32
 0
प्रधान हत्याकांड का खुलासा, दरोगा की रिवाल्वर छीनकर पुलिस पर की फायरिंग, जवाबी कार्रवाई में मुख्य आरोपी घायल
हत्यारोपी मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार।

आगरा। आगरा जनपद के थाना जैतपुर क्षेत्र में हुए सनसनीखेज अवनीश यादव हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा करते हुए दो शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। संयुक्त पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए कृष्णा यादव और शिव प्रताप उर्फ गेंदा को मुठभेड़ के बाद दबोच लिया।

पुलिस के अनुसार, गिरफ्तारी के दौरान आरोपी शिव प्रताप ने पुलिस टीम पर हमला करते हुए एक दरोगा की सरकारी रिवाल्वर छीन ली और फायरिंग कर दी। आत्मरक्षा में पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की, जिसमें शिव प्रताप के पैर में गोली लगी। घायल आरोपी को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया है।

तीन किलोमीटर तक पीछा कर की गई थी फायरिंग

यह पूरा मामला कुछ दिन पहले थाना जैतपुर क्षेत्र के गांव प्यारामपुरा के पास का है। अवनीश यादव और उनके भाई उपेंद्र यादव कार से जा रहे थे। आरोप है कि पहले से घात लगाए बैठे बाइक और कार सवार बदमाशों ने उनका पीछा शुरू कर दिया था। करीब तीन किलोमीटर तक पीछा करने के बाद बदमाशों ने कार को घेर लिया और ताबड़तोड़ गोलियां बरसानी शुरू कर दीं। अचानक हुए हमले से इलाके में दहशत फैल गई। गोली लगने से दोनों भाई गंभीर रूप से घायल हो गए थे।

स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से दोनों को अस्पताल पहुंचाया गया, जहां अवनीश यादव की हालत लगातार गंभीर बनी रही। इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया, जबकि उनके भाई उपेंद्र यादव का उपचार जारी है।

प्रधानी चुनाव की रंजिश ने लिया खूनी रूप

पुलिस जांच में सामने आया है कि वारदात के पीछे गांव की पुरानी प्रधानी की रंजिश मुख्य वजह थी। चुनावी प्रतिद्वंद्विता और लंबे समय से चली आ रही दुश्मनी ने आखिरकार खूनी संघर्ष का रूप ले लिया। आरोपियों ने बदला लेने की नीयत से सुनियोजित तरीके से हमले की साजिश रची और मौका मिलते ही दोनों भाइयों पर जानलेवा हमला कर दिया।

मुठभेड़ के बाद दबोचे गए आरोपी

हत्याकांड के बाद से पुलिस की कई टीमें आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दे रही थीं। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर जैतपुर क्षेत्र में घेराबंदी की गई। पुलिस को देखते ही आरोपियों ने भागने का प्रयास किया और फायरिंग शुरू कर दी। इसी दौरान शिव प्रताप ने एक पुलिसकर्मी की सरकारी रिवाल्वर छीन ली और पुलिस टीम पर गोली चला दी। जवाबी कार्रवाई में वह घायल हो गया। पुलिस ने मौके से दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

हथियार बरामद, अन्य आरोपियों की तलाश जारी

गिरफ्तार अभियुक्तों के कब्जे से अवैध हथियार और कारतूस बरामद किए गए हैं। पुलिस अब हत्याकांड में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश में जुटी हुई है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया जाएगा और फरार आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।