योगी कैबिनेट के फैसले, 24 प्रस्तावों को मंजूरी, किसानों की बल्ले-बल्ले, यात्रियों के लिए आसान होगा सफर

यूपी की राजधानी लखनऊ में हुई योगी कैबिनेट की अहम बैठक में 24 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने बताया कि एक रोडवेज प्रस्ताव को छोड़कर बाकी सभी प्रस्तावों को मंत्री परिषद की स्वीकृति मिल गई है। इस मीटिंग में किसानों के लिए कई बड़े फैसलें लिए गए है।

Jun 3, 2026 - 20:38
 0
योगी कैबिनेट के फैसले, 24 प्रस्तावों को मंजूरी, किसानों की बल्ले-बल्ले, यात्रियों के लिए आसान होगा सफर


लखनऊ।  योगी कैबिनेट की बैठक खत्म होते ही 24 बड़े फैसलों का ऐलान हो गया है। किसानों को एमएसपी बढ़ाकर बड़ी सौगात दी गई है। 18 शहरों में 1725 नई एसी इलेक्ट्रिक बसें चलेंगी। 5 नई जेलों को मंजूरी मिल गई है और अब जेल में कुछ मामलों में मौत होने पर परिवार को 5 लाख रुपये तक का मुआवजा भी मिलेगा और सरकारी वकीलों के लिए बड़ा तोहफा है।

सरकार ने इस मीटिंग में सबसे ज्यादा ध्यान किसानों का रखा और मक्का का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2225 रुपये से बढ़ाकर 2400 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया है। अब किसानों को अपनी फसल बेचने पर पहले से ज्यादा पैसा मिलेगा। 15 जून से 31 जुलाई तक कई जिलों में सरकारी खरीद भी की जाएगी।

लखनऊ, कानपुर, मेरठ, आगरा, वाराणसी, गोरखपुर समेत 18 शहरों में 1725 नई AC इलेक्ट्रिक बसें चलाई जाएंगी। खास बात यह है कि इन बसों के लिए डिपो भी सरकार खुद बनाएगी। इस फैसले के बाद यात्रियों के लिए सफर करना बेहद आसान और आरामदायक हो जाएगा।

कैबिनेट मीटिंग में प्रदेश के अंदर पांच नई जेल बनाने की बात पर मुहर लगी है। मुरादाबाद, ललितपुर, कानपुर नगर, औरैया और भदोही में नई जेलें बनाई जाएंगी। सरकार का कहना है कि 77 में से 40 जेलों में ओवरक्राउडिंग की समस्या पहले ही खत्म की जा चुकी है और नई जेलों से बाकी जगहों पर भी दबाव कम होगा।

बंदियों के परिकार के लिए भी कुछ अच्छे फैसले इस मीटिंग के अंदर लिए गए है। एनएचआरसी के निर्देशों के अनुसार अगर जेल में आपसी झगड़े या इलाज के अभाव में किसी बंदी की मौत हो जाती है तो उसके परिवार को 5 लाख रुपये का मुआवजा दिया जाएगा। वहीं आत्महत्या के मामलों में आश्रितों को 3 लाख रुपये की सहायता मिलेगी।

सरकारी वकीलों के लिए भी खुशखबरी है। योगी कैबिनेट मीटिंग में सरकारी वकील के मानदेय और मासिक भत्तों में बढ़ोतरी के प्रस्ताव को भी मंजूरी मिल गई है।