जहाजों की जब्ती पर ईरान ने कहा- अभूतपूर्व सैन्य कार्रवाई करेंगे, अमेरिका ने ईरान के 30 जहाज जब्त किए
ईरान ने अपने जहाजों की जब्ती को लेकर अमेरिका को अभूतपूर्व सैन्य कार्रवाई की चेतावनी दी है। इसमें कहा गया है कि अगर अमेरिका ईरानी जहाजों को जब्त करना जारी रखता है तो इस मामले में अभूतपूर्व सैन्य कार्रवाई की जाएगी। अमेरिका ने अभी तक कम से कम 30 ईरानी जहाजों को जब्त किया है।
तेहरान। ईरान ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की धमकी पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। ईरान ने कहा है कि अगर अमेरिका ईरानी जहाजों की जब्ती जारी रखता है तो वह अभूतपूर्व सैन्य कार्रवाई कर सकता है। इससे पहले ट्रंप ने धमकी देते हुए कहा कि ईरान अपने मामलों को ठीक से नहीं संभाल पा रहा है। उन्हें यह नहीं पता कि परमाणु-रहित समझौता कैसे किया जाता है। बेहतर होगा कि वे जल्द ही समझदारी दिखाएं।
ईरानी न्यूज नेटवर्क प्रेस टीवी ने एक वरिष्ठ ईरानी सुरक्षा सूत्र के हवाले से बताया है कि ईरान ने अमेरिका द्वारा ईरान से जुड़े जहाजों को लगातार जब्त किए जाने के मामले में अभूतपूर्व सैन्य कार्रवाई की चेतावनी दी है। अमेरिकी सेना ने होर्मुज जलडमरूमध्य में नाकाबंदी के तहत कम से कम 30 से अधिक ईरानी जहाजों को जब्त किया है या उनका रास्ता बदला है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने 31 से अधिक ईरानी जहाजों को रोकने या रास्ते से हटाने की पुष्टि की है। वहीं, ईरान ने इस कार्रवाई को समुद्री डकैती करार दिया है।
इस बीच व्हाइट हाउस का कहना है कि वार्ताकार ईरानियों के साथ बातचीत जारी रखे हुए हैं। व्हाइट हाउस ने दावा किया कि युद्ध के बीच ईरानी "अपनी नेतृत्व की स्थिति को सुलझाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं। अमेरिकी मीडिया को दिए एक बयान में, प्रवक्ता अन्ना केली ने कहा कि ट्रंप ईरान के साथ केवल उसी समझौते पर हस्ताक्षर करेंगे जो अमेरिका की राष्ट्रीय सुरक्षा को सबसे पहले रखेगा। व्हाइट हाउस का यह बयान ट्रंप द्वारा सोशल मीडिया पर ईरान को जल्द ही समझदार बनने की धमकी दिए जाने के बाद आया है।
ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर समझौते को स्थगित करने के तेहरान के प्रस्ताव के बाद, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चेतावनी दी है कि उसे "जल्द ही समझदारी से काम लेना होगा"। बुधवार को ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'ट्रुथ सोशल' पर लिखा, "ईरान अपनी हरकतें सुधार नहीं पा रहा है। उन्हें परमाणु-रहित समझौते पर हस्ताक्षर करना नहीं आता। उन्हें जल्द ही अक्ल आ जानी चाहिए!"