‘एनिमल’ ने बदली बॉबी देओल की किस्मत, डिप्रेशन और शराब की लत से निकलकर बने बॉलीवुड के सबसे डिमांडिंग स्टार
एक समय ऐसा था जब बॉबी देओल के पास काम नहीं था, लगातार फ्लॉप फिल्मों ने उनका आत्मविश्वास तोड़ दिया था और वह डिप्रेशन तथा शराब की लत का शिकार हो गए थे। लेकिन फिल्म ‘एनिमल’ ने उनकी जिंदगी और करियर दोनों को नई दिशा दी। फिल्म में निभाए गए खलनायक के किरदार ने उन्हें फिर से सुर्खियों में ला दिया और आज उनके पास फिल्मों व वेब सीरीज की लंबी कतार है।
डिप्रेशन के अंधेरे से स्टारडम की रोशनी तक, बॉबी देओल की प्रेरणादायक कहानी
मुंबई। बॉलीवुड में कई कलाकार ऐसे रहे हैं जिनकी किस्मत एक फिल्म ने पूरी तरह बदल दी। अभिनेता बॉबी देआल की कहानी भी कुछ ऐसी ही है। लंबे समय तक संघर्ष, असफलताओं और मानसिक तनाव का सामना करने के बाद उन्हें वह मौका मिला, जिसने उनके करियर को नई उड़ान दे दी। यह मौका था निर्देशक संदीप रेड्डी वांगा की ब्लॉकबस्टर फिल्म एनिमल।
साल 2023 में रिलीज हुई इस फिल्म में मुख्य भूमिका रणवीर कपूर ने निभाई थी, लेकिन फिल्म का एक ऐसा किरदार था, जिसने दर्शकों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। यह किरदार था बॉबी देओल का, जिन्होंने एक खतरनाक और रहस्यमयी विलेन की भूमिका निभाकर सभी को चौंका दिया।
कुछ मिनटों की स्क्रीन प्रेजेंस, लेकिन पूरे देश में चर्चा
‘एनिमल’ में बॉबी देओल का स्क्रीन टाइम अपेक्षाकृत कम था, लेकिन उनके अभिनय का प्रभाव बेहद गहरा रहा। बिना ज्यादा संवाद बोले उन्होंने अपने हाव-भाव और स्क्रीन प्रेजेंस से दर्शकों पर ऐसी छाप छोड़ी कि सोशल मीडिया पर उनका किरदार वायरल हो गया। फिल्म रिलीज होने के बाद इंटरनेट पर उन्हें ‘लॉर्ड बॉबी’ के नाम से पुकारा जाने लगा। मीम्स, वीडियो क्लिप्स और फैन एडिट्स के जरिए उनकी लोकप्रियता नई ऊंचाइयों तक पहुंच गई। यह वही दौर था जिसने बॉबी को फिर से बॉलीवुड के केंद्र में ला खड़ा किया।
जब काम मिलना बंद हो गया था
हाल ही में एक इंटरव्यू में बॉबी देओल ने अपने जीवन के सबसे कठिन दौर का खुलकर जिक्र किया। उन्होंने बताया कि लगातार कई फिल्मों के असफल होने के बाद उनके पास काम आना लगभग बंद हो गया था। एक्टर ने स्वीकार किया कि उस समय वह बेहद निराश और हताश हो गए थे। करियर की अनिश्चितता और असफलताओं ने उन्हें मानसिक रूप से कमजोर कर दिया था। धीरे-धीरे वह डिप्रेशन का शिकार हो गए और इसी दौरान शराब की लत ने भी उन्हें अपनी गिरफ्त में ले लिया।
परिवार बना सबसे बड़ा सहारा
बॉबी देओल ने बताया कि उनका परिवार हमेशा उनके साथ खड़ा रहा। जब वह मुश्किल दौर से गुजर रहे थे, तब परिवार के लोग उन्हें लगातार हिम्मत देते रहे। उनके अनुसार, परिवार की आंखों में उनका दर्द साफ दिखाई देता था, लेकिन वे उनकी स्थिति बदल नहीं सकते थे। ऐसे समय में परिवार ने उन्हें संभालने, समझाने और आगे बढ़ने की प्रेरणा दी। बॉबी का मानना है कि इंसान गलतियां करता है, लेकिन उन गलतियों से सीखकर आगे बढ़ना ही असली जीत होती है।
‘एनिमल’ बनी करियर की नई शुरुआत
‘एनिमल’ की सफलता ने बॉबी देओल को सिर्फ एक हिट फिल्म नहीं दी, बल्कि उन्हें इंडस्ट्री में दोबारा स्थापित कर दिया। फिल्म के बाद निर्माताओं और निर्देशकों का ध्यान उनकी ओर गया और उन्हें लगातार नए प्रोजेक्ट्स मिलने लगे। आज बॉबी देओल बॉलीवुड के उन कलाकारों में शामिल हैं जिनकी डिमांड लगातार बढ़ रही है। दर्शक भी उन्हें अलग-अलग और चुनौतीपूर्ण किरदारों में देखने के लिए उत्साहित रहते हैं।
आने वाले प्रोजेक्ट्स पर टिकी हैं निगाहें
‘एनिमल’ के बाद बॉबी देओल लगातार बड़े प्रोजेक्ट्स का हिस्सा बन रहे हैं। हाल ही में वह ‘बैड्स ऑफ बॉलीवुड’ में नजर आए। इसके अलावा उनकी फिल्म ‘बंदर’ 5 जून को रिलीज होने जा रही है, जिसमें उनके साथ सान्या मल्होत्रा दिखाई देंगी। इसके बाद वह ‘आल्फा’ में भी नजर आएंगे, जिसमें आलिया भट्ट और शारवरी वाघ प्रमुख भूमिकाओं में हैं। यह फिल्म जुलाई में रिलीज होने वाली है और दर्शकों के बीच इसे लेकर पहले से ही उत्सुकता बनी हुई है।
बॉबी देओल की कहानी इस बात का उदाहरण है कि असफलता कभी अंतिम पड़ाव नहीं होती। एक समय डिप्रेशन, बेरोजगारी और शराब की लत से जूझने वाले अभिनेता ने खुद को संभाला, संघर्ष जारी रखा और सही अवसर मिलते ही शानदार वापसी कर दिखाई। ‘एनिमल’ ने न केवल उनके करियर को पुनर्जीवित किया, बल्कि उन्हें नई पीढ़ी के दर्शकों के बीच भी बेहद लोकप्रिय बना दिया।