आगरा में सिस्टम की सड़क पर मौत का गड्ढा! प्रसूता को लेने पहुंची एंबुलेंस दो घंटे फंसी रही, घंटों की देरी के बाद प्रसव में मृत बच्ची का जन्म  

आगरा। बाह तहसील क्षेत्र के गांव गढ़वार में बदहाल सड़क और सरकारी सिस्टम की कथित लापरवाही पर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं। प्रसव पीड़ा से जूझ रही प्रसूता को लेने पहुंची एंबुलेंस गांव तक पहुंचने से पहले ही बारिश से कटी सड़क के गड्ढों में करीब दो घंटे फंसी रही। ग्रामीणों ने ट्रैक्टर की मदद से एंबुलेंस को बाहर निकाला, जिसके बाद प्रसूता को अस्पताल पहुंचाया गया। परिजनों और ग्रामीणों का दावा है कि सड़क की बदहाली के कारण करीब ढाई घंटे की देरी हुई और अस्पताल में प्रसव के दौरान नवजात बच्ची मृत मिली। मामले की शिकायत तहसील दिवस में कर लोक निर्माण विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई है।

Sep 6, 2026 - 17:34
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आगरा में सिस्टम की सड़क पर मौत का गड्ढा! प्रसूता को लेने पहुंची एंबुलेंस दो घंटे फंसी रही, घंटों की देरी के बाद प्रसव में मृत बच्ची का जन्म   
गड्ढे में फंसी एम्बुलेंस को ट्रैक्टर से खींचा जा रहा है।

वह गड्ढा, जिसमें एम्बुलेंस फंस गई थी।

गड्ढों में फंसी एंबुलेंस, ट्रैक्टर से निकाला

ग्रामीणों के अनुसार घटना दो सितंबर की रात की है। गांव निवासी प्रवेंद्र की पत्नी निधि को प्रसव पीड़ा होने पर रात करीब एक बजे एंबुलेंस बुलाई गई थी। एंबुलेंस गांव की ओर आते समय मुकुंदपुरा के पास बारिश के कारण क्षतिग्रस्त हुए गढ़वार लिंक मार्ग पर फंस गई। एंबुलेंस के फंसने की सूचना मिलने पर ग्रामीण ट्रैक्टर लेकर मौके पर पहुंचे। करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद किसी तरह एंबुलेंस को वहां से निकाला जा सका।

सड़क एक माह पहले कटी, शिकायत के बाद भी मरम्मत नहीं

गढ़वार के ग्रामीण भानु प्रताप सिंह, राम मोहन, अमित, हरेंद्र सिंह और अन्य ग्रामीणों ने संपूर्ण समाधान दिवस में दी शिकायत में बताया कि लोक निर्माण विभाग द्वारा निर्मित गढ़वार लिंक मार्ग करीब एक माह पहले बारिश के कारण मुकुंदपुरा के पास कट गया था। ग्रामीणों के अनुसार संबंधित विभाग को सड़क क्षतिग्रस्त होने की सूचना भी दी गई थी, लेकिन समय रहते इसकी मरम्मत नहीं कराई गई। ग्रामीणों का आरोप है कि सड़क की बदहाली के बावजूद जिम्मेदार अधिकारी और कर्मचारी समस्या की अनदेखी करते रहे।

दूसरे रास्ते से अस्पताल पहुंची प्रसूता

ग्रामीणों के मुताबिक एंबुलेंस को क्षतिग्रस्त सड़क से निकालने के बाद प्रसूता निधि को दूसरे रास्ते से अस्पताल ले जाया गया। सड़क खराब होने और एंबुलेंस के फंसने के कारण अस्पताल पहुंचने में करीब ढाई घंटे की देरी होने का दावा किया गया है। अस्पताल में प्रसव के दौरान नवजात बालिका मृत मिली।

देरी से नवजात की मौत का दावा, जांच की मांग

ग्रामीणों और परिजनों का कहना है कि चिकित्सकों ने प्रसव में हुई देरी को नवजात की मौत से जोड़ा है। हालांकि, इस संबंध में आधिकारिक चिकित्सकीय रिपोर्ट सामने आना अभी बाकी है। ग्रामीणों ने पूरे मामले की जांच कराने और सड़क की मरम्मत में लापरवाही बरतने वाले लोक निर्माण विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों-कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।

तहसील दिवस में पहुंचा मामला

भानु प्रताप सिंह, राम मोहन, अमित, हरेंद्र सिंह समेत अन्य ग्रामीणों ने बाह तहसील में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने एसडीएम से मामले का संज्ञान लेकर जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई करने और गढ़वार को जोड़ने वाले क्षतिग्रस्त मार्ग की तत्काल मरम्मत कराने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि बारिश के कारण सड़क की स्थिति लगातार खराब हो रही है और ग्रामीणों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

SP_Singh AURGURU Editor